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Bilaspur: श्रवण की हिरासत में मौत केस में CBI एक्शन में, बिलासपुर में तीन दिन से डेरा

Bilaspur: श्रवण की हिरासत में मौत केस में CBI एक्शन में, बिलासपुर में तीन दिन से डेरा
तस्वीर: The Rural Press फाइल / सौजन्य
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Shravan Custodial Death Case: आबकारी केस में गिरफ्तार श्रवण सूर्यवंशी की हिरासत में मौत के मामले ने अब बड़ा मोड़ ले लिया है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद CBI की तीन सदस्यीय टीम बिलासपुर पहुंच चुकी है और जांच तेज कर दी है।

श्रवण की हिरासत में मौत की गंभीरता को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने मामले की जांच सीबीआई को सौंपने का निर्देश दिया था। इसके बाद सीबीआई ने बिलासपुर पहुंचकर जांच शुरू की। टीम अलग-अलग स्तर पर दस्तावेज और अन्य साक्ष्य जुटा रही है। मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई है।

CBI टीम ने सेंट्रल जेल बिलासपुर और सीपत थाने पहुंचकर पूरे रिकॉर्ड, दस्तावेज और CCTV फुटेज की बारीकी से जांच की। गिरफ्तारी से लेकर मौत तक की हर कड़ी को जोड़ा जा रहा है। टीम ने अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR भी दर्ज की है।

रविवार को टीम ने मृतक की मां लहरा बाई को इंदिरा विहार कॉलोनी स्थित बिलासपुर भवन बुलाया और घंटों तक बयान दर्ज किया। जांच में इस बयान को बेहद अहम माना जा रहा है।

SC ने कहा - दोषी अफसरों पर हो कार्रवाई

12 अगस्त 2026 को सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया था कि CBI यह जांच करे कि श्रवण उर्फ सरवन की मौत किन परिस्थितियों में हुई। अगर जांच में किसी भी अधिकारी की भूमिका हिरासत में हिंसा में पाई जाती है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। CBI को 13 अक्टूबर 2026 को अगली सुनवाई से पहले रिपोर्ट पेश करनी है।

मृतक की मां लहरा बाई की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ता राजीव दुबे ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद सीबीआई ने बिलासपुर में जांच शुरू कर दी है। सीबीआई को जांच पूरी कर संबंधित दस्तावेजों और रिपोर्ट को सुप्रीम कोर्ट में प्रस्तुत करना है।

क्या था पूरा मामला?

बिलासपुर पुलिस ने 17 जनवरी 2024 को श्रवण को गिरफ्तार किया। 18 जनवरी को 6 लीटर महुआ शराब के साथ गिरफ्तारी दिखाई और 19 जनवरी को आबकारी एक्ट में कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया। दो दिन बाद 21 जनवरी को जेल में तबीयत बिगड़ने पर उसे अस्पताल और फिर सिम्स रेफर किया गया, जहां 22 जनवरी की रात उसकी मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि 36 घंटे तक थाने में रखकर पुलिस ने बेरहमी से पीटा, जिससे उसकी मौत हुई।

FAQ: कैदी की मौत की सीबीआई जांच

सवाल 1. CBI जांच क्यों शुरू हुई?
जवाब: सुप्रीम कोर्ट ने श्रवण सूर्यवंशी की हिरासत में मौत को गंभीर मानते हुए CBI जांच का आदेश दिया था।

सवाल 2. CBI ने अब तक क्या किया?
जवाब: टीम ने सेंट्रल जेल और सीपत थाने के दस्तावेज व CCTV फुटेज की जांच की और मृतक की मां लहरा बाई का बयान दर्ज किया।

सवाल 3. अगली सुनवाई कब है?
जवाब: सुप्रीम कोर्ट में मामले की अगली सुनवाई 13 अक्टूबर 2026 को होगी, जिसमें CBI को रिपोर्ट पेश करनी है।

सवाल 4. श्रवण की मौत कैसे हुई थी?
जवाब: 17 जनवरी 2024 को आबकारी केस में गिरफ्तारी के बाद 22 जनवरी को जेल में तबीयत बिगड़ने से मौत हुई, परिजनों ने पुलिस पिटाई का आरोप लगाया।

Shami Imam
लेखक / पत्रकार:

Shami Imam

संभागीय प्रमुख व वरिष्ठ संवाददाता

बस्तर व सरगुजा अंचल के दूरस्थ क्षेत्रों से जनमुद्दों और जनसमस्याओं पर बेबाक रिपोर्टिंग।

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