रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के दौरान प्रदेश में बढ़ते ड्रग्स के जाल और तस्करी के मुद्दे पर जमकर बहस हुई। सदन में उस वक्त स्थिति गरमा गई जब पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बहुचर्चित ड्रग पैडलर नव्या मलिक का नाम आरोपियों की सूची से गायब होने पर सरकार को कटघरे में खड़ा कर दिया।

नव्या का नाम क्यों छुपाया?

चर्चा के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सदन में आधिकारिक दस्तावेजों का हवाला देते हुए पूछा कि नव्या मलिक, जो कि ड्रग तस्करी के मामलों में एक चर्चित चेहरा रही है, उसका नाम दी गई जानकारी और आरोपियों की सूची से बाहर क्यों है? उन्होंने कड़े लहजे में पूछा, आखिर नव्या का नाम क्यों छुपाया गया? इसके लिए जिम्मेदार अधिकारी कौन है? क्या इस गंभीर लापरवाही पर कोई ठोस कार्रवाई की जाएगी?

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।