रायपुर। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले को अब नक्सल मुक्त घोषित कर दिया गया है। माओवादी संगठन सीतानदी एरिया कमेटी के अंतिम 9 सदस्य रायपुर में आईजी अमरेश मिश्रा के सामने हथियारों के साथ आत्मसमर्पण कर गए।

आत्मसमर्पण करने वालों में 7 महिलाएं और 2 पुरुष शामिल हैं। इनमें 2 नक्सलियों पर 8-8 लाख रुपये, 6 पर 5 लाख रुपये और 1 पर 1 लाख रुपये का इनाम घोषित था। कुल मिलाकर 47 लाख रुपये के इनामी नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया।

नक्सलियों ने पुलिस को ये हथियार सौंपे

नक्सलियों ने 5 ऑटोमेटिक राइफलें सौंपीं, जिनमें 2 एसएलआर, 2 इंसास और 1 कार्बाइन शामिल है। इसके अलावा एक भरमार बंदूक और करीब 50 जिंदा कारतूस भी पुलिस को सौंपे गए। साथ ही वॉकी-टॉकी, रेडियो और टैब भी पुलिस के पास जमा किए गए।

आत्मसमर्पित नक्सलियों में ये लोग शामिल हैं

डिवीसीएम ज्योति, उषा डिवीसीएम (टेक्निकल), रामदास एलओएस कमांडर, रोनी उमा सीतानदी एरिया कमेटी कमांडर, निरंजन एससीएम (टेक्निकल), सिंधु एसीएम, रीना एसीएम, अमिला एसीएम और लक्ष्मी बॉडीगार्ड।

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रायपुर रेंज के आईजी अमरेश मिश्रा ने बताया कि अब धमतरी जिला पूरी तरह नक्सल मुक्त है। अब पुलिस इन क्षेत्रों में सामान्य कानून-व्यवस्था और नियमित गश्त पर ध्यान केंद्रित करेगी।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।