कोरबा। एनटीपीसी कोरबा के धनरास स्थित बांध से FLY ASH का परिवहन ग्रामीणों ने बाधित कर दिया। शुरू की गई इस अनिश्चितकालीन हड़ताल के कारण मार्ग पर अनेक भारी वाहन जहां के तहां खड़े हो गए।

एनटीपीसी कोरबा के राखड बांध (FLY ASH DIKE) से उड़ने व बहकर बाहर आने वाली राख (FLY ASH) ने ग्रामीणों का जीना दूभर कर दिया है। इससे परेशान ग्रामीण निरंतर न्याय की गुहार लगाते रहे हैं, लेकिन जब उनकी सुनवाई नहीं हुई तो उन्होंने अनिश्चितकालीन आंदोलन का सहारा ले लिया। फलस्वरुप धनरास रखड़ बांध से परिवहन होने वाला मार्ग अवरुद्ध हो गया।

क्षतिपूर्ति का प्रावधान मगर राशि अब तक नहीं

आंदोलनरत ग्रामीणों का कहना है कि बांध से उड़ने वाली राख से परेशान लोगों के लिए डस्ट क्षतिपूर्ति का प्रावधान किया गया है लेकिन अनेक आंदोलन के बाद भी यह राशि ग्रामीणों को उपलब्ध नहीं कराई गई है। ग्रामीणों ने बताया कि कई बार आंदोलन किया गया जिसमें घमौटा गांव के समीप वाटर पंप को प्राथमिकता देने का वचन तो दिया गया, लेकिन उस पर अमल नहीं किया गया।

क्यों सुलग रही है विरोध की आग?

FLY ASH DIKE से उड़ने वाली राख न केवल ग्रामीणों के फेफड़ों में जहर घोल रही है, बल्कि बहकर आने वाली राख ने खेतों और रिहायशी इलाकों को भी अपनी चपेट में ले लिया है।

अपनी मांगों को लेकर ग्रामीण लंबे समय से न्याय की गुहार लगा रहे थे, लेकिन सुनवाई न होने पर उन्हें मजबूरन सड़क पर उतरना पड़ा।

तहसीलदार पहुंची मौके पर

घंटों तक चले इस चक्का जाम आंदोलन के दौरान इलाके की तहसीलदार प्रियंका चंद्रा यहां पहुंची। ग्रामीणों से चर्चा के दौरान तहसीलदार ने एनटीपीसी प्रबंधन से बात करके बताया कि आगामी 27 मार्च को एक बैठक आयोजित की जाएगी जिसमें एनटीपीसी के जिम्मेदार अफसरों के अलावा पुलिस और प्रशासन के अफसर भी मौजूद रहेंगे। जहां इस मुद्दे का सर्वमान्य हल निकाला जाएगा। इस आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने फिलहाल आंदोलन समाप्त कर दिया है।