UP Crime News: उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ में मंगलवार शाम एक धार्मिक अनुष्ठान को लेकर हुआ विवाद खूनी वारदात में बदल गया। अहरौला थाना क्षेत्र के शंभूपुर गांव में अरविंद सिंह ने कथित तौर पर अपनी पत्नी बबीता सिंह और पूजा कराने आए दो पुजारियों पर लाइसेंसी हथियार से गोली चला दी। पुलिस के मुताबिक तीनों की मौत हो गई।
पुलिस के अनुसार, घटना के दौरान अरविंद की पत्नी घर में धार्मिक अनुष्ठान करा रही थीं। वहां दो पुजारी भी मौजूद थे। विवाद बढ़ने के बाद अरविंद ने कथित तौर पर फायरिंग कर दी। मृत पुजारियों की पहचान महेंद्र पाठक और अखिलेश मिश्रा के रूप में हुई है। घटना के बाद आरोपी अपने बच्चों को लेकर घर के एक कमरे में बंद हो गया।
बच्चों को बनाया बंधक
तीनों की हत्या के बाद अरविंद ने अपने बच्चों को घर के भीतर बंधक बना लिया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पूरे मकान को घेर लिया और आरोपी से बच्चों को सुरक्षित बाहर निकालने तथा आत्मसमर्पण करने के लिए लगातार बातचीत की। करीब सात घंटे तक पुलिस की ओर से उसे समझाने की कोशिश की गई, लेकिन वह बाहर आने को तैयार नहीं हुआ।
बच्चे को गोली लगने के बाद पुलिस ने की कार्रवाई
पुलिस के मुताबिक, लंबे गतिरोध के दौरान अचानक घर के अंदर से गोली चलने की आवाज आई। आरोपी ने अपने एक बेटे को गोली मार दी। इसके बाद पुलिस टीम ने बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए घर में प्रवेश करने का फैसला किया। अधिकारियों के अनुसार, कार्रवाई के दौरान स्टन ग्रेनेड और आंसू गैस का इस्तेमाल किया गया।
पुलिस की जवाबी फायरिंग में घायल हुआ आरोपी
पुलिस के घर में प्रवेश करने के दौरान आरोपी ने फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद पुलिस की ओर से जवाबी कार्रवाई की गई, जिसमें अरविंद सिंह घायल हो गया। उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। घायल बच्चे को भी अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन उसकी भी बाद में मौत होने की रिपोर्ट है।
कई घंटे तक चला ऑपरेशन
घटना मंगलवार शाम करीब छह बजे शुरू हुई थी और रात से लेकर बुधवार तड़के तक पुलिस का अभियान चलता रहा। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और कई थानों की पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घर को घेर लिया था। करीब आठ घंटे तक चले इस घटनाक्रम के बाद बंधक संकट समाप्त हुआ। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
धार्मिक अनुष्ठान को लेकर विवाद की बात सामने आई
प्रारंभिक पुलिस जांच और स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के अनुसार, घर में धार्मिक अनुष्ठान को लेकर पहले से विवाद चल रहा था। पुलिस ने कहा है कि परिवार के सदस्यों और मौके पर मौजूद लोगों से पूछताछ के आधार पर घटना के कारणों की जांच की जा रही है। इस मामले में सामने आई शुरुआती जानकारियों की आगे की जांच के बाद ही पूरी तस्वीर स्पष्ट होगी।



