Oracle Layoff Employees
Oracle Employees Face Another Layoff Wave

टेक दिग्गज Oracle में एक बार फिर कर्मचारियों की नौकरी पर संकट मंडराता नजर आ रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी ने सोमवार से नए स्तर पर छंटनी शुरू की है। कई कर्मचारियों को सुबह ईमेल के जरिए कंपनी में बड़े बदलाव की जानकारी दी गई और बताया गया कि उनकी भूमिका समाप्त की जा रही है।

नौकरी गंवाने वाले कई Oracle कर्मचारियों ने सोशल मीडिया पर अपने अनुभव साझा किए हैं। LinkedIn और Reddit जैसे प्लेटफॉर्म पर लोगों ने कंपनी से बाहर किए जाने की जानकारी पोस्ट की। कुछ कर्मचारियों ने वीडियो के जरिए भी बताया कि उन्हें अचानक नौकरी खत्म होने की सूचना मिली।

कितने कर्मचारियों की गई नौकरी?
Oracle ने अभी आधिकारिक तौर पर यह स्पष्ट नहीं किया है कि ताजा छंटनी में कितने कर्मचारियों को बाहर किया गया है। हालांकि, इससे पहले कंपनी बड़े स्तर पर कर्मचारियों की संख्या घटा चुकी है। रिपोर्टों के अनुसार, पिछले साल करीब 21 हजार कर्मचारियों की नौकरियां गई थीं, जिससे Oracle के वर्कफोर्स में बड़ी कमी आई थी।

एक साल में 13 प्रतिशत कम हुआ वर्कफोर्स
कंपनी की सालाना फाइलिंग के मुताबिक, 31 मई 2026 तक Oracle में करीब 1.41 लाख कर्मचारी थे। इससे एक साल पहले यह संख्या लगभग 1.62 लाख थी। यानी इस अवधि में कंपनी के कर्मचारियों की संख्या में करीब 13 प्रतिशत की कमी आई। ऐसे में नई छंटनी की खबर ने कर्मचारियों और टेक इंडस्ट्री की चिंता बढ़ा दी है।

AI और क्लाउड कारोबार पर कंपनी का फोकस
Oracle में छंटनी ऐसे समय हो रही है जब कंपनी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और क्लाउड सेवाओं की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए अपने डेटा सेंटर इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार कर रही है। कंपनी एक तरफ AI और क्लाउड कारोबार में निवेश बढ़ा रही है, वहीं दूसरी तरफ लागत कम करने और कर्मचारियों की संरचना को नए सिरे से व्यवस्थित करने पर भी जोर दे रही है।

AI कारोबार में मिल रहे बड़े ऑर्डर
कंपनी के मुताबिक, उसने 30 अरब डॉलर से अधिक के अतिरिक्त AI क्लाउड कॉन्ट्रैक्ट साइन किए हैं। बढ़ती मांग के चलते कंपनी को भविष्य में राजस्व में मजबूत बढ़ोतरी की उम्मीद है। इसके बावजूद वर्कफोर्स में कटौती का फैसला टेक सेक्टर में चर्चा का विषय बना हुआ है।

AI निवेश के बीच नौकरियों पर कैंची क्यों?
Oracle का मौजूदा कदम टेक इंडस्ट्री में चल रहे एक बड़े बदलाव को दिखाता है, जहां कंपनियां AI और क्लाउड जैसी तेजी से बढ़ती तकनीकों में निवेश बढ़ा रही हैं। साथ ही लागत को नियंत्रित करने के लिए पारंपरिक भूमिकाओं और वर्कफोर्स की समीक्षा की जा रही है। Oracle में भी छंटनी को इसी व्यापक पुनर्गठन से जोड़कर देखा जा रहा है।

नवीन कुमार साहू को पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में 5 वर्ष से अधिक का अनुभव है। उन्होंने कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय से Bachelor of Science (Electronic Media) और Master of Science (Electronic Media) की डिग्री हासिल की है। उन्होंने राजधानी रायपुर के कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है।