महासमुंद पुलिस
image source : google

महासमुंद। जिले के सिघोडा थाने की पुलिस ने बडी कार्यवाही की है। यहां 37 लाख 28 हजार 900 रूपये नगदी का अवैध परिवहन करते हुए कोल्हापुर महाराष्ट्र के दो व्यक्ति पकड़े गए जो वाहन के सीट के पीछे बने चेम्बर मे रूपये छिपाकर ले जा रहे थे।

उड़ीसा से महाराष्ट्र जाते वक़्त पकड़ा

महासमुंद में अंतर्राज्यीय चेक पोस्ट रेहटीखोन में संदिग्ध वाहनों पर नजर रखकर चेकिंग की जा रही थी। इसी दौरान एक सफेद रंग की मारुति सुजुकी सियाज कार को रोका गया। वाहन में पीताम्बर शिवाजी माने और अविनाश सिंगारे से जब उनकी आवाजाही के संबंध में पूछा गया तो गोलमोल जवाब मिला। आशंका के चलते इनके वाहन की तलाशी ली गई।

नोटों के लिए बना रखा था चेम्बर

वहां की तलाशी के दौरान पुलिस को कार की सीट के नीचे और पिछले हिस्से में अलग से चेम्बर मिला जिसमें नोटों के बंडल रखे हुए थे। इनमे 2 हजार, पांच सौ, दो सौ और सौ रूपये के नोटों की गड्डियां थी। इन्हें थाने लाकर जब नोटों को गिना गया तब कुल 37 लाख 28 हजार 900 रूपये निकले। दोनों के पास नोटों से सम्बंधित कोई भी वैध दस्तावेज नही मिला। जाहिर है कि ये रूपये काली कमाई के ही होंगे।

आयकर के सुपुर्द किया जायेगा मामला

महासमुंद जिले की सिंघोड़ा थेन की पुलिस ने धारा 102 के तहत नोटों और कार को जब्त करते हुए दोनों शख्स को हिरासत में ले लिया है। दोनों कोल्हापुर महाराष्ट्र के रहने वाले हैं। पुलिस यह मामला आयकर विभाग के सुपुर्द करेगी, जिसके द्वारा लाखों रूपये के श्रोतों का पता लगाया जायेगा। गौरतलब है कि उड़ीसा से लगे हुए महासमुंद जिले की पुलिस इससे पहले भी वाहनों में इस तरह लाखों रुपयों का परिवहन करते हुए कई लोगों को पकड़ चुकी है। इसके अलावा गांजा और अन्य अवैध सामग्रियों की धरपकड़ भी आये दिन हो रही है।

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे फेसबुक, ट्विटर, टेलीग्राम और वॉट्सएप पर…

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।