बीजिंग। पूरी दुनिया में चीन के खतरनाक कोरोनावायरस को लेकर दहशत फैली हुई है। अब तक इस बीमारी से मरने वालों की संख्या 150 के करीब पहुंच गई है, जबकि 5700 से अधिक लोगों को इस बीमारी से संक्रमित बताया गया है।

इस बीमारी को लेकर चिंता इसलिए भी सबसे ज्यादा है क्योंकि अभी तक इसका कोई इलाज पता नहीं है। इस बीच अलीबाबा के संस्थापक और चीन के सबसे धनी इंसान जैक मा ने दवा के विकास के लिए 1.44 करोड़ डॉलर दान दिए हैं।

जैक मा फाउंडेशन के एक सोशल मीडिया पोस्ट के अनुसार, चीन की दो सरकारी अनुसंधान संगठनों को अरबपति ने 58 लाख डॉलर की राशि दी है। शेष धनराशि का उपयोग बीमारी के रोकथाम और उपचार के लिए किए जाने वाले उपायों में मदद करने के लिए किया जाएगा।

अलीबाबा ने शनिवार घोषणा की थी कि वह वायरस फैलने वाले केंद्र वुहान और हुबेई प्रांत के लिए दवाओं की आपूर्ति करने के लिए 1.44 करोड़ डॉलर का फंड स्थापित कर रहे हैं।

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इसके साथ ही कंपनी वैज्ञानिक अनुसंधान संगठनों को वैक्सीन या उपचार की खोज के लिए एआई कंप्यूटिंग भी मुफ्त में देगी। सरकारी अखबार चाइना डेली के अनुसार, कोरोनोवायरस उपचार के प्रयासों के लिए धन देने वाली चीनी प्रौद्योगिकी कंपनियों में से एक प्रमुख कंपनी अलीबाबा है।

इसके अलावा टेलीकॉम उपकरण और स्मार्टफोन निर्माता हुआवेई, ई-कॉमर्स कंपनी टेनसेंट (TCEHY), सर्च इंजन बेइडू, TikTok के मालिक बाइटडांस और फूड डिलीवरी फर्म मैटुआल-डिआनपिंग शामिल हैं।

बताते चलें कि चीन के वैज्ञानिकों के अलावा संयुक्त राज्य अमेरिका के वैज्ञानिक भी इसी वैक्सीन पर काम कर रहे हैं। हालांकि अभी इसका टीका बनाने और बाजार में उतारने में करीब छह महीनों से एक साल का समय लग सकता है।

अमेरिका के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ एलर्जी एंड इंफेक्शियस डिजीज के निदेशक डॉक्टर एंथोनी फौसी ने यह जानकारी दी।

 

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