जांजगीर चाम्पा। देशभर में कोरोना का कहर बढ़ता ही जा रहा है। ऐसे में छत्तीसगढ़ भी कोरोना के कहर से अछूता नहीं है। कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए लॉकडाउन किया गया है। इसके साथ ही कोरोना संक्रमण के संदिग्धों को क्वारेंटाइन सेंटर्स में क्वारेंटाइन किया जा रहा है। इसके बावजूद क्वारेंटाइन सेंटर्स में अव्यवस्था के साथ -साथ क्वारेंटाइन किये गये लोगों द्वारा नियमों का उल्लंघन करने की खबरें आ रही है।

ऐसा ही एक मामला जांजगीर चाम्पा के क्वारेंटाइन सेंटर से आया है, जहां क्वारेंटाइन सेंटर में क्वारेंटाइन किये गये 34 मजदूरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज किया गया है। यह मामला कोतवाली पुलिस थाना क्षेत्र के कोणार्क कॉलेज खोखसा के क्वारेंटाइन सेंटर का है, जहां मजदूरों को क्वारेंटाइन किया गया था। बताया जा रहा है कि सभी मजदूर दिल्ली और राजस्थान से लौटे हैं।

एक न्यूज़ वेबसाइट के अनुसार मजदूरों पर आरोप है कि वे ड्यूटी में तैनात कर्मचारियों से झगड़ा कर तालाब में नहाने चले गए थे। इसके अलावा उन्होंने क्वारेंटाइन सेंटर से भागने की भी कोशिश की थी। वहीं दूसरी तरफ क्वारेंटाइन किये गये मजदूरों ने क्वारेंटाइन सेंटर में अव्यवस्था का आरोप लगाया है। मजदूरों का कहना है कि उन्हें पीने तक के लिए पानी नहीं दिया जा रहा है।

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मजदूरों ने शासन-प्रशासन पर नजरंदाज करने का आरोप लगते हुए कहा कि ‘गर्भवती महिलाएं और बच्चे क्वारेंटाइन सेंटर की अव्यवस्था से परेशान हैं। हम क्वारेंटाइन रहना चाहते हैं अगर प्रशासन चाहे तो हमें हमारे ब्लाक में क्वारेंटाइन कर दिया जाये या इस क्वारेंटाइन सेंटर में सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाये।’ सभी मजदूरों के खिलाफ कोतवाली पुलिस ने महामारी अधिनियम के तहत अपराध दर्ज कर लिया है।