नई दिल्ली। देश के प्रमुख विपक्षी दलों के साथ मिल कर केंद्र की मोदी सरकार की नीतियों पर हमेशा हमला बोलने वाली पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के सुर अब बदलते नजर आ रहे है। उन्होंने राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ की तारीफ करने के साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का बचाव किया है। ममता बनर्जी के इस बयान ने प्रमुख विपक्षी दलों में हलचल पैदा कर दी है।  

 
 कांग्रेस ने आज पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए कहा कि अब राजनीति में लुकाछिपी का खेल नहीं चलने वाला है और अगर कोई प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ‘क्लीन चिट’ देता है तो वह उन आरोपों से उन्हें मुक्त कर रहा है, जिन पर आज देश की जनता मोदी से सवाल कर रही है।

पार्टी प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने यह भी कहा कि कांग्रेस और राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर प्रधानमंत्री और सरकार से जवाब मांगते रहेंगे, क्योंकि ऐसा करना विपक्ष का धर्म है। ममता बनर्जी ने सोमवार को कहा था कि उन्हें नहीं लगता कि राज्य में केंद्रीय एजेंसियों की कथित ज्यादतियों के पीछे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का हाथ है।

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वर्ष 2014 से नरेंद्र मोदी सरकार की घोर आलोचक रहीं बनर्जी ने यह आरोप भी लगाया कि भाजपा के नेताओं का एक तबका अपने हित साधने के लिए एजेंसियों का दुरुपयोग कर रहा है। ममता के बयान के बारे में पूछे जाने पर सुप्रिया श्रीनेत ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘मुझे नहीं पता कि क्या वह मोदी जी को छोड़कर अमित शाह को घेरना चाहती हैं और उन्होंने फैसला कर लिया है कि मोदी जी अच्छे हैं।

मैं स्पष्ट रूप से कहना चाहती हूं कि इस सरकार में मोदी की स्वीकृति के बिना परिंदा भी पर नहीं मारता है और ऐसे में अगर प्रधानमंत्री को जब आप क्लीनचिट देते हैं, तो क्या आप उन आरोपों से बरी करते हैं, जिन पर आज देश सवाल पूछ रहा है।


उन्होंने कहा कि अगर आप विपक्ष में हैं तो यह लुका-छिपी का खेल नहीं खेला जा सकता। हमारी पार्टी और हमारे नेता की रणनीति स्पष्ट है। हम जनता के मुद्दों पर सरकार को घेरेंगे। अगर देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी हैं, तो उनसे सवाल पूछना हमारा धर्म है। राहुल गांधी जी यह काम खुलकर करते हैं। सुप्रिया ने कहा कि अब लुकाछिपी का खेल नहीं खेला जा सकता। अगर आप लुकाछिपी का खेल खेल रहे हैं, तो आपकी आपकी नीति और नीयत पर सवाल उठेंगे।

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