नेशनल डेस्क। प्रवासी कामगारों के लिए रिमोट वोटिंग मशीन शुरू करने के प्रस्ताव का विरोध करने के विभिन्न विपक्षी दलों के फैसले के बीच, निर्वाचन आयोग ने सोमवार को राजनीतिक रूप से संवेदनशील इस विषय पर विभिन्न दलों के साथ चर्चा की।

मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार की टिप्पणियों के बाद, आयोग राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के समक्ष रिमोट इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (RVM) का प्रदर्शन किया। रिमोट वोटिंग मशीन के यहां प्रदर्शन के लिए निर्वाचन आयोग ने आठ राष्ट्रीय दलों को और राज्यों के मान्यता प्राप्त 57 दलों के प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया।

निर्वाचन आयोग ने कहा कि सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया द्वारा विकसित RVM किसी भी तरह से इंटरनेट से जुड़ी नहीं होगी। पिछले महीने निर्वाचन आयोग ने कहा था कि अगर यह पहल लागू की जाती है, तो प्रवासियों के लिए इससे ‘‘सामाजिक परिवर्तन” हो सकता है।

प्रत्येक मशीन के जरिए 72 निर्वाचन क्षेत्रों में रह रहे प्रवासी मतदाता दूरस्थ मतदान केंद्र से अपना वोट डाल सकते हैं। RVM के उपयोग की अनुमति देने के लिए कानून में आवश्यक बदलाव जैसे मुद्दों पर जनवरी के अंत तक राजनीतिक दलों को अपने विचार लिखित रूप में देने के लिए कहा गया था।

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