नई दिल्ली। देश में महंगे टमाटर और दाल की आसमान छूती कीमतों से खासे परेशान देश की जनता को राहत पहुंचाने के लिए केंद्र सरकार नेपाल से टमाटर और अफ्रीका से दाल खरीदने का निर्णय लिया है। खबर है कि इसके लिए केंद्र सरकार की नेपाल और अफ्रीका के साथ डील भी हो गई है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में इसकी जानकारी दी थी।

नेपाल से आएंगे टमाटर
नेपाल दीर्घकालिक आधार पर भारत को बड़ी मात्रा में टमाटर निर्यात (tomato export) करने के लिए तैयार है, लेकिन उसने इसके लिए बाजार तक आसान पहुंच और अन्य जरूरी सुविधाओं की मांग की है। भारत में टमाटर की बढ़ती कीमतों को कम करने के लिए इस तरह के उपायों पर विचार किया जा रहा है। पड़ोसी देश का यह आश्वासन उस समय आया, जब वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को संसदमें बताया कि भारत ने नेपाल से टमाटर का आयात शुरू कर दिया है। भारी बारिश के कारण आपूर्ति बाधित होने के कारण भारत में टमाटर की खुदरा कीमतें लगभग 242 रुपए प्रति किलोग्राम तक पहुंच गई है और देश पहली बार टमाटर का आयात कर रहा है।

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भारत को सब्जियां निर्यात करने का इच्छुक नेपाल
नेपाल के कृषि मंत्रालय की प्रवक्ता शबनम शिवकोटी ने शुक्रवार को बताया कि उनका देश दीर्घकालिक आधार पर भारत को टमाटर जैसी सब्जियां निर्यात करने का इच्छुक है, लेकिन इसके लिए भारत को अपने बाजार तक आसान पहुंच और अन्य जरूरी सुविधाएं देनी होंगी। उन्होंने कहा कि नेपाल ने एक सप्ताह पहले ही आधिकारिक चैनलों के माध्यम से भारत को टमाटर का निर्यात शुरू कर दिया है, लेकिन अभी यह बड़ी मात्रा में नहीं है। उन्होंने कहा कि टमाटर के बड़े पैमाने पर निर्यात की व्यवस्था अभी की जानी बाकी है। कालीमाटी फल और सब्जी बाजार विकास बोर्ड के उप निदेशक विनय श्रेष्ठ ने कहा अगर हमें भारतीय बाजार तक आसान पहुंच दी जाती है, तो नेपाल भारत को भारी मात्रा में टमाटर निर्यात कर सकता है। उन्होंने बताया कि नेपाली टमाटरों के लिए भारत एक अच्छा बाजार है।

नेपाल ने मांगी चीनी और चावल
नेपाल के कृषि मंत्रालय की प्रवक्ता शबनम शिवकोटी ने कहा कि टमाटर निर्यात करने के बदले नेपाल ने भारत से भी चावल और चीनी भेजने की भी मांग की है। बता दें कि भारत सरकार ने हाल ही में गैर- बासमती चावल के निर्यात पर बैन लगा दिया था, जिससे नेपाल में चावल की कीमतें काफी बढ़ गईं। ऐसे में नेपाल ने भारत से 1 लाख टन चावल, 10 लाख टन धान और 50 हजार टन चीनी भेजने का अनुरोध किया है।

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अफ्रीका से आएगी दाल
दिल्ली सहित कई राज्यों में अरहर दाल 140 से 160 रुपए किलो बिक रही है, ऐसे में बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए सरकार टमाटर की तरह दाल का भी आयात करेगी। भारत सरकार अफ्रीकन देश मोजाम्बिक से बातचीत कर रही है। कहा जा रहा है कि दाल के आयात को लेकर डील पक्की हो गई है। मोजाम्बिक 31 मार्च 2024 तक भारत में बिना किसी शर्त और प्रतिबंध के अरहर व उड़द दाल का आयात करेगा। खास बात यह है कि दालों के आयात को लेकर भारत और मोज़ाम्बिक ने द्विपक्षीय एमओयू पर साइन भी किया है। वहीं, दाल की कीमतों को कम करने के लिए सरकार ने 3 मार्च, 2023 से अरहर दाल पर 10 प्रतिशत की इंपोर्ट ड्यूटी हटा दी है।