रायपुर। छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रामेन डेका ने आज राजभवन में कार्यरत अधिकारियों एवं कर्मचारियों की परिचयात्मक बैठक ली। उन्होंने जलवायु परिवर्तन एवं पर्यावरण प्रदूषण के दुष्प्रभावों से बचने के लिए प्रत्येक नागरिक की सहभागिता पर जोर दिया।

राज्यपाल ने कहा कि ऊर्जा की बचत के लिए सभी को प्रयास करना होगा। अनावश्यक बिजली खर्च नहीं करना चाहिए। इसके अलावा प्लास्टिक प्रदूषण से बचने के लिए पानी की बोतलों का यथासंभव कम उपयोग करना चाहिए। अपने आस-पास के वातावरण में स्वच्छता का ध्यान रखना चाहिए।

राज्यपाल ने राज्य में विशेषकर आदिवासी क्षेत्रों में रेडक्रॉस की गतिविधियों को बढ़ाने पर बल दिया और कहा कि आदिवासी क्षेत्रों में महिलाओं के स्वास्थ्य की देखभाल हेतु रेडक्रॉस सक्रिय भूमिका निभाए। उन्होंने प्रधानमंत्री टी.बी. मुक्त भारत अभियान के तहत छत्तीसगढ़ में किए जा रहे कार्यों की जानकारी ली।

राज्यपाल ने कहा कि राज्य में जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए और अधिक प्रयास करना होगा। राज्य के आकांक्षी जिलों में जो कार्य चल रहे है उनकी नियमित रूप ये मॉनिटरिंग की जाए। राज्यपाल ने कहा कि राज्य के सभी विश्वविद्यालयों में रिक्त पदों में भर्ती के लिए कार्रवाई हेतु विश्वविद्यालयों को निर्देशित किया जाए ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके। उन्होंने कार्यालय में डिजिटाइजेशन और डिजिटल लाइब्रेरी बनाने की दिशा में कार्य करने हेतु निर्देशित किया। इसके अलावा सभी को साइबर अपराधों के प्रति सतर्क रहने और दूसरोें को भी जागरूक करने के लिए प्रेरित किया।

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राज्यपाल ने आज के समाचार पत्र में प्रकाशित नारायणपुर जिले में नक्सलियों से लड़ कर अपने पिता की जान बचाने वाली साहसी बालिका की खबर को जानकर, उसे राजभवन में बुलाकर सम्मानित करने के निर्देश दिए।