रायपुर। छत्‍तीगसढ़ में केंद्रीय अन्‍वेषण ब्‍यूरो (CBI) के कार्रवाई के अधिकार को लेकर राज्‍य सरकार ने नया नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। सरकार ने स्‍पष्‍ट किया है कि सीबीआई को प्रदेश में केंद्र सरकार और केंद्रीय सार्वजनिक उपक्रमों में कार्रवाई की पूरी अनुमति है, लेकिन राज्‍य सरकार के अंतर्गत काम करने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई के लिए शासन की अनुमति लेनी होगी।

गृह विभाग द्वारा जारी अधिसूचना में कहा गया है कि दिल्ली विशेष पुलिस स्थापना अधिनियम, 1946 (क्र. 25 सन् 1946) की धारा 6 के अनुसरण में, समय-समय पर संशोधित उक्त अधिनियम की धारा 3 के अधीन अधिसूचित अपराध या अपराधों की श्रेणियों, जो कि कथित तौर पर केंद्र सरकार, केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के कर्मचारियों और निजी व्यक्तियों द्वारा किए गए हैं (चाहे वे अलग से काम कर रहे हों या केंद्र सरकार / केंद्र सरकार के उपक्रम के कर्मचारियों के साथ मिलकर काम कर रहे हों), के अन्वेषण के लिए संपूर्ण छत्तीसगढ़ राज्य में दिल्ली विशेष पुलिस स्थापना के सदस्यों की शक्तियों और अधिकार क्षेत्र के विस्तार के लिए अपनी सहमति देती है।

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यह सहमति इस शर्त के अधीन है कि छत्तीसगढ़ राज्य सरकार द्वारा नियंत्रित लोक सेवकों से संबंधित मामलों में, राज्य सरकार की पूर्व लिखित अनुमति के बिना ऐसा कोई अन्वेषण नहीं किया जायेगा। किसी अन्य अपराध के लिए मामले-दर-मामले के आधार पर दी गई सहमति भी प्रवृत्त रहेंगी।

बता दें कि वर्तमान में राज्य शासन ने CGPSC 202 मामला, महादेव सट्टा एप और बिरनपुर हत्याकांड की जांच का जिम्मा CBI को दिया है। इन मामलों में सीबीआई की जांच लगातार जारी है।