Monsoon session, Chhattisgarh Vidhansabha, CM Vishnudev Sai

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के दौरान शुक्रवार को CGMSC (छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेस कॉर्पोरेशन लिमिटेड) का मुद्दा गरमाया। भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने प्रश्नकाल के दौरान रीएजेंट और उपकरण आपूर्ति में गड़बड़ी को लेकर सरकार से जवाब मांगा। इस पर स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल ने बताया कि 15 अधिकारियों के खिलाफ EOW (आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा) जांच कर रही है।

385 करोड़ की खरीद, बजट सिर्फ 120 करोड़!

स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि 2024-25 में उपकरणों की खरीद के लिए 120 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित था, लेकिन कुल 385 करोड़ रुपये की खरीदी कर ली गई। विभागीय जांच के बाद मामला EOW को सौंपा गया है, और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की जा रही है।

बिना आदेश की खरीद, कई गुना अधिक कीमत पर आपूर्ति

अजय चंद्राकर ने बगैर बजट के खरीद को लेकर सवाल उठाया और दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जानकारी मांगी। इसके जवाब में मंत्री ने कहा कि जांच रिपोर्ट मंगवाई गई है, और 15 अफसरों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।

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भाजपा विधायक ने पूछा कि क्या मोक्षित कॉरपोरेशन ने इस गड़बड़ी में भूमिका निभाई है? इस पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि बगैर मांग के आपूर्ति की गई और तय दर से कई गुना अधिक कीमत पर सामान बेचा गया। प्रथम दृष्टया सप्लायर को जेल भेजा गया है और मामले की जांच जारी है।