रायपुर। विधानसभा में आज भाजपा विधायक भावना बोहरा ने अपने मूल प्रश्न में बदलाव को लेकर आपत्ति जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि कल भी ऐसी स्थिति देखने में आई थी। मैने जो मूल प्रश्न लगाया था उसे क्यों बदला जाता है।

विधायक बोहरा ने कहा, मैने बैगा आदिवासियों के लिए बनी योजनाओं के लिए बोरवेल खनन के संबंध में 2019-24 तक जानकारी मांगी थी। और प्रश्न बदलकर 21-24 की जानकारी दी गई। इससे ऐसा लगता है कि या तो हम गलत प्रश्न कर रहे हैं या विभाग अपनी सुविधा के अनुसार प्रश्नों में बदलाव कर रहा है। पिछली सरकार के कार्यों की जानकारी छिपाने की कोशिश की जा रही है।”

देखकर लगता है कि हम गलत प्रश्न कर रहे हैं या विभाग अपनी सुविधा के लिए प्रश्न बदल रहा है या विभाग पिछली सरकार के कार्यें की जानकारी नहीं देना चाहता। पहले तो यही बता दें कि क्या कारण है प्रश्न बदल दिया जाता है।

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इस पर संसदीय कार्य मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि सरकार को जो प्रश्न मिला, उसी के आधार पर 2021 से 2024 तक की जानकारी दी गई। इस पर सभापति धर्म जीत सिंह ने कहा कि मूल प्रश्न में 6 वर्ष की जानकारी मांगी गई थी। नियमों को परिप्रेक्ष्य में पूरे प्रश्न का जवाब आ जाए । इसलिए सचिवालय द्वारा संशोधित किया गया ।इस पर पूरक प्रश्न में बोहरा ने कहा कि 2019 के बाद बैगा बहुल क्षेत्रों में एक भी ट्यूब वेल खनन नहीं हुआ है। जबकि 93 स्वीकृत हुए थे।खननमें बहुत धांधली हुई है। खनन का टेंडर जिस फर्म को मिला था,अधिकारियों के साथ मिलीभगत की। क्या कार्रवाई करेंगे । मंत्री कश्यप ने कहा कि पूरी जानकारी दे दें जांच करवा लेंगे।