टीआरपी। Central Jail premises : नवरात्रि पर प्रदेशभर के देवी मंदिरों सहित विविध पंडालों में भक्ति उल्लास का माहौल छाया है। सुबह शाम आरती में शामिल होने श्रद्धालु उमड़ रहे हैं। मनमोहक प्रतिमाओं को देखने के लिए पंडालों में तांता लग रहा है। ऐसा ही भक्तिमय माहौल राजधानी के केन्द्रीय जेल परिसर में भी दिखाई दे रहा है। कैदियों ने अपने हाथों से मां दुर्गा की तीन प्रतिमा तैयार कर स्थापित की है। 800 से अधिक कैदी व्रत रखकर देवी माता की भक्ति में लीन हैं।
722 पुरुष और 80 महिला बंदियों ने रखा व्रत
एक प्रतिमा जेल परिसर के महिला प्रकोष्ठ में और दो प्रतिमाएं पुरुष प्रकोष्ठ में स्थापित की गई है। पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों से जेल के भीतर भक्तिमय माहौल है। माँ दुर्गा की उपासना के लिए जेल के 802 बंदियों ने व्रत भी रखा है। इनमें महिला प्रकोष्ठ की 31 बंदियों ने तीन दिन और 49 बंदियों ने नौ दिन का व्रत रखा है। पुरुष प्रकोष्ठ में 722 बंदियों ने नौ दिन का व्रत संकल्पपूर्वक आरंभ किया है।
जेल में फलाहार की व्यवस्था
जेल अधीक्षक श्री योगेश सिंह क्षत्री ने बताया कि बंदियों की सुविधा के लिए जेल प्रशासन ने पूजन सामग्री और फलाहार की विशेष व्यवस्था की है, जिसमें दूध, केला, फल्ली दाना और गुड़ शामिल हैं। सामूहिक व्रत और भक्ति से पूरे जेल परिसर में आध्यात्मिक ऊर्जा और सकारात्मक माहौल का संचार हो रहा है। पूजा पंडाल को फूलों, रंगोली और दीपों से सजाया गया है। प्रतिदिन माँ दुर्गा की स्तुति में भजन-कीर्तन, दुर्गा सप्तशती का पाठ और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां की जा रही हैं।नवरात्रि का पर्व केन्द्रीय जेल रायपुर में आस्था, अनुशासन और सांस्कृतिक चेतना का अद्भुत संगम बन गया है। धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन बंदियों को मानसिक शांति, आंतरिक शक्ति और जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण प्रदान करते हैं।



