टीआरपी डेस्क। Nobel Peace Prize 2025: नॉर्वेजियन नोबेल समिति ने वर्ष 2025 का नोबेल शांति पुरस्कार वेनेजुएला की प्रमुख विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो (María Corina Machado) को प्रदान करने की घोषणा की है। शांति नोबेल की घोषणा ओस्लो में नॉर्वेजियन नोबेल इंस्टीट्यूट में नॉर्वेजियन नोबेल समिति के अध्यक्ष जॉर्गेन वाटने फ्राइडनेस ने की। समिति ने कहा कि मचाडो को यह पुरस्कार वेनेजुएला में लोकतांत्रिक अधिकारों की पुनर्स्थापना और तानाशाही शासन से शांतिपूर्ण संक्रमण के लिए किए गए उनके साहसिक और निरंतर संघर्ष के लिए दिया जा रहा है।

Nobel Peace Prize 2025: नोबेल समिति ने अपने बयान में कहा कि मचाडो ने वेनेजुएला के लोगों के लिए लोकतांत्रिक अधिकारों की लड़ाई को शांतिपूर्ण और न्यायपूर्ण ढंग से आगे बढ़ाया। उनका नेतृत्व पूरे लैटिन अमेरिका के लिए आशा का प्रतीक है। इस पुरस्कार के साथ मारिया कोरिना मचाडो का नाम दुनिया के उन नेताओं की सूची में शामिल हो गया है जिन्होंने अहिंसक तरीके से लोकतंत्र और मानवाधिकारों के लिए संघर्ष किया।

See also  Share Market : शेयर बाजार में आई गिरावट, 1000 अंक चढ़कर फिसला सेंसेक्स, निफ्टी लाल निशान पर

Nobel Peace Prize 2025: बता दें कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप बार बार नोबेल पुरस्कार के लिए अपनी दावेदारी पेश कर रहे थे। वो ‘सात युद्ध’ में शांति करवाने का दावा करते आ रहे थे। डोनाल्ड ट्रंप के लिए ये बहुत बड़ा झटका है, क्योंकि नोबेल पुरस्कार के लिए उन्होंने अपने दूसरे कार्यकाल में क्या नहीं किया है, उन्होंने हर युद्ध में खुद को शांति करवाने वाला मसीहा बताया है।

Nobel Peace Prize 2025: उन्होंने भारत-पाकिस्तान युद्ध में भी शांति करवाने के लिए मध्यस्थता करने का दावा किया था, जिसे भारत ने सिरे से खारिज कर दिया था। हालांकि पाकिस्तान ने उनकी भावना को स्वीकार करते हुए उन्हें नोबेल पुरस्कार के लिए नॉमिनेट किया था। पाकिस्तान के अलावा इजरायल ने भी डोनाल्ड ट्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नॉमिनेट किया था। लेकिन, डोनाल्ड ट्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार नहीं मिल पाया।