रायपुर। छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज शनिवार को रायपुर सेंट्रल जेल पहुंचे, जहां उन्होंने शराब घोटाले के मामले में कांग्रेस नेता और पूर्व मंत्री कवासी लखमा से मुलाकात की। जेल के भीतर बैज ने लखमा का हालचाल जाना और उनकी सेहत को लेकर बातचीत की।
मुलाकात के बाद मीडिया से बात करते हुए दीपक बैज ने कहा कि कवासी लखमा पार्टी के सीनियर और मजबूत आदिवासी नेता हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि फरवरी महीने में कोर्ट से उन्हें जमानत मिल जाएगी। बैज ने कहा कि जेल से बाहर आने के बाद लखमा बस्तर ही नहीं, पूरे प्रदेश में कांग्रेस को फिर से मजबूती देने का काम करेंगे।
बैज ने आरोप लगाया कि एक प्रभावशाली आदिवासी नेता को चुनकर जेल भेजा गया है और यह पूरी कार्रवाई राजनीतिक बदले की भावना से की गई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इसे चुपचाप स्वीकार नहीं करेगी और पूरे प्रदेश में इसके खिलाफ आवाज उठाई जाएगी। बैज ने यह भी बताया कि पहले कवासी लखमा की तबीयत ठीक नहीं थी, लेकिन अब उनकी सेहत में सुधार है।
दीपक बैज ने बताया कि 23 फरवरी से विधानसभा का बजट सत्र शुरू हो रहा है। पिछले करीब एक साल से कवासी लखमा विधानसभा नहीं जा पाए हैं, जबकि वे अपने क्षेत्र और बस्तर से जुड़े मुद्दों को सदन में उठाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद लखमा को बजट सत्र में शामिल होने का मौका मिलना चाहिए।
बता दें कि छत्तीसगढ़ शराब घोटाले की जांच प्रवर्तन निदेशालय कर रहा है। इस मामले में एसीबी में दर्ज एफआईआर में करीब 3,200 करोड़ रुपये से अधिक के घोटाले का दावा किया गया है। जांच एजेंसियों के अनुसार, तत्कालीन भूपेश बघेल सरकार के कार्यकाल में कुछ अधिकारियों और कारोबारियों के कथित सिंडिकेट के जरिए इस घोटाले को अंजाम दिया गयाहै।



