छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में नक्सलवाद के खात्मे के लिए अब तक का सबसे बड़ा सैन्य अभियान ‘ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट-2’ शुरू कर दिया गया है। बीजापुर और तेलंगाना सीमा पर स्थित कर्रेगुट्टा की दुर्गम पहाड़ियों में सुरक्षा बलों ने करीब 300 नक्सलियों को चारों तरफ से घेर लिया है।
2000 जवानों का महा-अभियान, 5 नक्सली ढेर
इस व्यापक सर्च ऑपरेशन में CRPF, छत्तीसगढ़ पुलिस, DRG और कोबरा कमांडो के 2000 से अधिक जवान शामिल हैं। ताजा जानकारी के मुताबिक, सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच हुई भीषण मुठभेड़ में अब तक 5 नक्सली मारे गए हैं। खुफिया इनपुट के अनुसार, टॉप नक्सली लीडर देवजी और माड़वी हिडमा से जुड़े करीबी कमांडरों की मौजूदगी इस इलाके में बताई जा रही है।
सुरक्षा एजेंसियों ने नक्सलियों को साफ चेतावनी दी है कि वे आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में लौट आएं, अन्यथा कड़ी कार्रवाई के लिए तैयार रहें। बता दें कि ‘ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट’ के पहले चरण में 31 नक्सली मारे गए थे। दूसरे चरण को और भी अधिक आक्रामक बनाया गया है, जिसके तहत कर्रेगुट्टा में नए फॉरवर्ड बेस (सुरक्षा कैंप) भी स्थापित किए जा रहे हैं।
हाई-प्रोफाइल रिव्यू के बाद एक्शन तेज
हाल ही में केंद्रीय गृह मंत्री के रायपुर दौरे और उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के बाद इस अभियान को हरी झंडी दी गई। बीजापुर एसपी डॉ. जितेंद्र यादव के अनुसार, सुरक्षा बल मजबूत रणनीति के साथ आगे बढ़ रहे हैं और नियमित सर्चिंग के जरिए नक्सलियों की सप्लाई लाइन काटी जा रही है।


