सुकमा। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित सुकमा जिले में सुरक्षाबलों को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। सर्चिंग ऑपरेशन के दौरान जवानों ने नक्सलियों द्वारा लगाए गए तीन शक्तिशाली आईईडी (IED) बरामद किए हैं। नक्सलियों ने सुरक्षाबलों को निशाना बनाने के लिए सड़क के नीचे इन विस्फोटकों को छिपाया था, जिसे समय रहते पहचान कर नष्ट कर दिया गया।
सर्चिंग के दौरान जगरगुंडा मार्ग पर मिली कामयाबी
जानकारी के मुताबिक, 226 बटालियन के जवान रविवार सुबह नियमित सर्चिंग के लिए निकले थे। इसी दौरान जगरगुंडा-नरसापुरम मार्ग पर जवानों को कुछ संदिग्ध हलचल और जमीन में छेड़छाड़ के निशान दिखे। बारीकी से जांच करने पर वहां तीन अलग-अलग वजनी आईईडी बरामद हुए। बरामद किए गए आईईडी का वजन क्रमश: 1 किलो, 2 किलो और 4 किलो था। आईईडी की बरामदगी के बाद तत्काल बम निरोधक दस्ता (BDS), डीएसएमडी और डॉग स्क्वायड को मौके पर बुलाया गया। सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए इन विस्फोटकों को वहीं सुरक्षित तरीके से नष्ट (Blasted) कर दिया गया।
31 मार्च तक का बड़ा लक्ष्य
दरअसल, बस्तर संभाग में नक्सलियों के खिलाफ सुरक्षाबलों का अभियान तेज हो गया है। सूत्रों के अनुसार, सुरक्षाबलों ने 31 मार्च की तय समय सीमा तक क्षेत्र में सक्रिय माओवादी नेटवर्क और उनके द्वारा लगाए गए लैंडमाइंस को पूरी तरह साफ करने का लक्ष्य रखा है। इसी रणनीति के तहत अंदरूनी इलाकों में सघन गश्त की जा रही है।
साजिश का पर्दाफाश
बताया जा रहा है कि नक्सली इस मार्ग पर सुरक्षाबलों की गाड़ियों या पैदल गश्त कर रहे जवानों को बड़ा नुकसान पहुंचाने की फिराक में थे। आईईडी को नष्ट करने के बाद सर्चिंग टीम सुरक्षित तरीके से अपने बटालियन मुख्यालय लौट आई है। इस घटना के बाद क्षेत्र में सतर्कता और बढ़ा दी गई है।


