टीआरपी डेस्क। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान से ठीक पहले चुनाव आयोग ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बेहद कड़ा रुख अपनाया है। राज्य की सभी 152 विधानसभा सीटों पर शांतिपूर्ण और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए दोपहिया वाहनों की आवाजाही पर सख्त पाबंदियां लागू कर दी गई हैं।
चुनाव आयोग के ताजा आदेश के अनुसार मंगलवार से लेकर 23 अप्रैल यानी मतदान के दिन तक शाम 6 बजे से सुबह 6 बजे के बीच बाइक या स्कूटर चलाने पर पूरी तरह रोक रहेगी। आयोग ने यह कदम चुनावी प्रक्रिया में बाधा डालने और मतदाताओं को डराने-धमकाने की आशंकाओं को खत्म करने के लिए उठाया है।
दिन में भी सख्त रहेंगे नियम
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने स्पष्ट किया है कि स्वतंत्र और पारदर्शी चुनाव कराने के लिए आयोग कोई कसर नहीं छोड़ेगा। रात के कर्फ्यू के अलावा दिन के समय यानी सुबह 6 से शाम 6 बजे के बीच भी दोपहिया वाहनों के लिए नियम कड़े रहेंगे जिसके तहत बाइक पर पीछे बैठकर सवारी करने (पिलियन राइडिंग) की अनुमति नहीं होगी।
केवल जरूरी सेवाओं को मिलेगी विशेष छूट
हालांकि मेडिकल इमरजेंसी, स्कूली बच्चों और पारिवारिक समारोह जैसे अनिवार्य कार्यों के लिए छूट दी जाएगी लेकिन इसके लिए स्थानीय पुलिस स्टेशन से लिखित अनुमति लेना अनिवार्य होगा। मतदान के दिन परिवार के सदस्यों को वोट डालने ले जाने के लिए पीछे बैठने की अनुमति रहेगी पर बाइक रैलियों पर पूरी तरह प्रतिबंध बरकरार रहेगा ताकि हिंसा और तनाव की किसी भी स्थिति से बचा जा सके।



