दंतेवाड़ा। छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में महिला एवं बाल विकास विभाग की ID-पासवर्ड हैक कर प्रधानमंत्री मातृ वंदन योजना से करीब 60 लाख रुपये की हेराफेरी का खुलासा हुआ है। पोर्टल में 1400 से ज्यादा फर्जी हितग्राहियों का पंजीयन कर राशि अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर निकाली गई। कलेक्टर देवेश ध्रुव ने कहा कि जांच जारी है, दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।

बारसूर, बचेली, गीदम में मिले फर्जी नाम

शुरुआती जांच में बारसूर, बचेली, गीदम, कटेकल्याण और कुआकोंडा समेत कई इलाकों में फर्जी हितग्राहियों के नाम सामने आए हैं। विभागीय पोर्टल में फर्जी बैंक खाते जोड़कर लंबे समय से राशि निकाली जा रही थी। कई गांवों और आंगनबाड़ी केंद्रों में संदिग्ध पंजीयन और भुगतान की जानकारी मिली है।

ID ब्लॉक, FIR की तैयारी

घोटाला सामने आने के बाद विभाग ने संबंधित ID ब्लॉक कर दी है। ट्रांजेक्शन, दस्तावेजों और बैंक खातों की जांच शुरू कर दी गई है। पता लगाया जा रहा है कि विभाग की ID-पासवर्ड की जानकारी बाहर कैसे पहुंची। जांच के दायरे में विभाग के कुछ कर्मचारी और अधिकारी भी हैं। प्रशासन ने रिपोर्ट तलब की है और FIR दर्ज करने की तैयारी है।

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बीते 2 सालों से मिल रही थीं शिकायतें

वर्ष 2025 और 2026 के दौरान योजना के क्रियान्वयन को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही थीं, लेकिन समय पर कार्रवाई नहीं हुई। प्रधानमंत्री मातृ वंदन योजना गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं के स्वास्थ्य-पोषण के लिए है। हितग्राहियों तक राशि नहीं पहुंचने से सरकारी निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठे हैं।

कलेक्टर बोले- सख्त कार्रवाई होगी

कलेक्टर देवेश ध्रुव ने कहा कि पूरे मामले की जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।