टीआरपी। नगर पालिक निगम रायपुर के आयुक्त संबित मिश्रा ने राजधानी शहर के सभी 70 वार्डों में संक्रामक रोगों की संभावनाओं को देखते हुए एक व्यापक रोकथाम अभियान शुरू करने के कड़े निर्देश दिए हैं। कमिश्नर ने अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने और उल्टी, दस्त, मलेरिया, और डेंगू जैसी बीमारियों से नागरिकों को बचाने के लिए सघन जनजागरण अभियान चलाने को कहा है।
वर्षा ऋतु के आगमन के साथ ही रायपुर की घनी बस्तियों और स्लम एरिया में जलभराव के कारण डेंगू और डायरिया जैसी जानलेवा बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। नगर निगम का यह समयबद्ध अभियान राजधानी के लाखों नागरिकों को मौसमी बीमारियों की चपेट में आने से बचाएगा और सरकारी व निजी अस्पतालों पर बढ़ने वाले मरीजों के बोझ को कम करेगा।
होटलों और सब्जी बाजारों की होगी जांच, सड़े-गले सामान होंगे नष्ट
आयुक्त के निर्देशानुसार, रायपुर के सभी जोनों के स्वास्थ्य अधिकारी और स्वच्छता निरीक्षक रोजाना सुबह 10 से 12 बजे और दोपहर 3:30 से 5:30 बजे तक अपने क्षेत्रों के सब्जी बाजारों, होटलों, आईसक्रीम पार्लरों और मटन-मछली दुकानों का औचक निरीक्षण करेंगे। इस दौरान सड़े-गले फल, सब्जियां, बासी मिठाई और खराब मांस पाए जाने पर उन्हें तत्काल नष्ट (विनिष्टीकरण) करने की कार्रवाई की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर एसडीएम और सीएमओ के मार्गदर्शन में खाद्य निरीक्षकों द्वारा सैंपलिंग भी की जाएगी।
पेयजल शुद्धीकरण और जलस्रोतों की निगरानी
शहर में पीलिया और डायरिया को रोकने के लिए जलप्रदाय विभाग और जोन कमिश्नरों को बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई है:
सभी निजी और सार्वजनिक कुओं में सप्ताह में दो बार ब्लीचिंग पाउडर डाला जाएगा।
बोरिंग और हैंडपंपों के जल शुद्धीकरण के लिए ब्लीचिंग लिक्विड का उपयोग होगा, जिसकी पाक्षिक रिपोर्ट स्वास्थ्य विभाग को सौंपनी होगी।
पेयजल संकट वाले क्षेत्रों में टैंकरों के माध्यम से अनिवार्य रूप से क्लोरीन युक्त शुद्ध जल की सप्लाई की जाएगी।
खुले कुओं को ढकने और हैंडपंपों के चारों ओर चबूतरा बनाकर गंदे पानी की निकासी की व्यवस्था की जाएगी।
मच्छर जनित रोगों के लिए ‘फ्राइडे ड्राई डे’ और गंबूजिया मछली
डेंगू और मलेरिया के मच्छरों को पनपने से रोकने के लिए रायपुर के 70 वार्डों को 8 वर्गों में बांटकर एंटी-लार्वा दवा का छिड़काव किया जा रहा है, जिसका एक चक्र एक सप्ताह में पूरा होगा। इसके साथ ही, मलेरिया विभाग के सहयोग से शहर के तालाबों और पोखरों में गंबूजिया मछली डाली जाएगी, जो मच्छरों के लार्वा को खा जाती है। हर शुक्रवार को ‘ड्राय डे’ के रूप में मनाते हुए घरों के कूलरों को पूरी तरह खाली कर साफ कराया जाएगा।
रायपुर नगर निगम के सभी 70 वार्डों में संक्रामक रोग और डेंगू रोकथाम के लिए एंटी-लार्वा दवाओं का सघन छिड़काव शुरू।
होटलों, बेकरी और मांस दुकानों की जांच के लिए प्रतिदिन दो शिफ्टों (सुबह और दोपहर) में निरीक्षण और जब्ती की कार्रवाई के निर्देश।
आने वाले दिनों में स्वच्छता दीदी और मितानिनों के माध्यम से स्लम बस्तियों में घर-घर जाकर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। साथ ही, आंगनबाड़ियों और स्कूलों में जिला शिक्षा अधिकारी के समन्वय से बच्चों को जागरूक किया जाएगा। संभावित महामारी वाले क्षेत्रों (हॉटस्पॉट) को चिह्नित कर वहां विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे ताकि किसी भी आपात स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।



