Vedanta Aluminium Dividend: वेदांता डीमर्जर के बाद बनी Vedanta Aluminium Metal Limited (VAML) ने अपने निवेशकों को बड़ी राहत देने वाला संकेत दिया है। कंपनी ने घोषणा की है कि वह वित्त वर्ष 2026-27 के पहले अंतरिम डिविडेंड (First Interim Dividend) पर विचार करेगी।

इस प्रस्ताव पर कंपनी का बोर्ड 30 जुलाई 2026 को होने वाली बैठक में फैसला लेगा। ऐसे में कंपनी के शेयरधारकों की नजर अब इस बैठक और संभावित डिविडेंड घोषणा पर टिकी हुई है।

30 जुलाई को होगी बोर्ड बैठक

कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज को दी सूचना में बताया कि बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की बैठक गुरुवार, 30 जुलाई 2026 को आयोजित होगी। इस बैठक में 30 जून 2026 को समाप्त पहली तिमाही (Q1 FY27) के वित्तीय नतीजों को मंजूरी दी जाएगी। इसके साथ ही वित्त वर्ष 2026-27 के पहले अंतरिम डिविडेंड पर भी विचार किया जाएगा। अगर बोर्ड इस प्रस्ताव को मंजूरी देता है तो यह Vedanta Aluminium के डीमर्जर के बाद निवेशकों को मिलने वाला पहला डिविडेंड होगा।

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5 अगस्त तय हुई रिकॉर्ड डेट

कंपनी ने डिविडेंड की पात्रता के लिए रिकॉर्ड डेट भी घोषित कर दी है। यदि बोर्ड डिविडेंड को मंजूरी देता है, तो 5 अगस्त 2026 रिकॉर्ड डेट होगी। इसका मतलब है कि रिकॉर्ड डेट तक जिन निवेशकों के डीमैट खाते में Vedanta Aluminium के शेयर मौजूद होंगे, वही डिविडेंड पाने के पात्र होंगे।

Vedanta Demerger के बाद क्या हुआ था?

1 मई 2026 को Vedanta Demerger प्रभावी हुआ था। इसके तहत वेदांता लिमिटेड का कारोबार अलग-अलग कंपनियों में विभाजित किया गया। इसके बाद 15 जून 2026 को डीमर्जर प्रक्रिया का अंतिम चरण पूरा हुआ और नई कंपनियों की बीएसई और एनएसई पर लिस्टिंग हुई। Vedanta Aluminium Metal ने NSE पर ₹522 और BSE पर ₹527 प्रति शेयर के भाव पर कारोबार की शुरुआत की।

ट्रेडिंग विंडो भी रहेगी बंद

कंपनी ने सेबी के इनसाइडर ट्रेडिंग नियमों के तहत बताया है कि नामित कर्मचारियों और संबंधित व्यक्तियों के लिए ट्रेडिंग विंडो 1 जुलाई 2026 से 1 अगस्त 2026 तक बंद रहेगी। इस अवधि में वे कंपनी के शेयरों में कारोबार नहीं कर सकेंगे।

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भारत की सबसे बड़ी एल्युमीनियम उत्पादक कंपनी

Vedanta Aluminium भारत की सबसे बड़ी एल्युमीनियम उत्पादक कंपनी है और दुनिया की प्रमुख एल्युमीनियम कंपनियों में शामिल है। कंपनी के अनुसार, वित्त वर्ष 2025 में उसने 2.42 मिलियन टन एल्युमीनियम का उत्पादन किया। यह भारत के कुल एल्युमीनियम उत्पादन का आधे से अधिक हिस्सा है। कंपनी 60 से ज्यादा देशों में अपने उत्पादों की आपूर्ति करती है।

निवेशकों के लिए इसका क्या मतलब है?

अगर बोर्ड अंतरिम डिविडेंड को मंजूरी देता है तो डीमर्जर के बाद पहली बार Vedanta Aluminium के शेयरधारकों को नकद रिटर्न मिलेगा। हालांकि, डिविडेंड की राशि का अंतिम फैसला 30 जुलाई की बोर्ड बैठक में ही होगा।