Arvind Kejriwal PM House March: राजधानी दिल्ली में मंगलवार, 4 अगस्त 2026 को आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल केंद्र सरकार की E20 पेट्रोल नीति के विरोध में प्रधानमंत्री आवास की ओर रुख करने जा रहे हैं। केजरीवाल दोपहर 12 बजे 100 समर्थकों के प्रतिनिधिमंडल के साथ मार्च निकालकर करीब दो लाख नागरिकों द्वारा हस्ताक्षरित ज्ञापन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सौंपने की तैयारी में हैं। आम आदमी पार्टी का आरोप है कि सरकार बिना किसी ठोस वैज्ञानिक जांच के देश की जनता पर 20 प्रतिशत एथनॉल मिश्रित ईंधन थोप रही है, जिससे पुरानी और नई गाड़ियों के इंजन खराब हो रहे हैं। वहीं, दूसरी तरफ दिल्ली पुलिस ने इस प्रदर्शन को किसी भी तरह की मंजूरी देने से साफ इनकार कर दिया है और पीएम आवास की ओर जाने वाले सभी रास्तों पर कड़े सुरक्षा बंदोबस्त किए हैं।
लुटियंस दिल्ली में प्रस्तावित इस मार्च को लेकर पुलिस बल ने इलाके की घेराबंदी मजबूत कर दी है। अरविंद केजरीवाल ने दावा किया है कि देश भर से ऑनलाइन अभियान के जरिए एथनॉल ब्लेंडिंग नीति के खिलाफ दो लाख से अधिक लोगों के हस्ताक्षर जुटाए गए हैं, जिनके प्रिंटआउट वे खुद प्रधानमंत्री तक पहुंचाना चाहते हैं। केजरीवाल का आरोप है कि केंद्र सरकार अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ हुए व्यापारिक समझौते के दबाव में एथनॉल आयात को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने कहा कि भारतीय उपभोक्ताओं को पेट्रोल पंपों पर 100 प्रतिशत शुद्ध पेट्रोल और E20 पेट्रोल के बीच चुनने का विकल्प मिलना चाहिए। साथ ही उन्होंने E20 ईंधन के दाम कम कर इसे शुद्ध पेट्रोल की तुलना में सस्ता करने की मांग की है।
जानिए क्या है विवाद?
भारत सरकार ने जुलाई 2025 में ही पेट्रोल में 20 फीसदी एथनॉल मिलाने के अपने लक्ष्य को हासिल कर लिया था, जो कि मूल 2030 के लक्ष्य से पांच साल पहले का मील का पत्थर था। सरकार का तर्क है कि इससे भारत को विदेशी मुद्रा बचाने और कार्बन उत्सर्जन कम करने में बड़ी सफलता मिल रही है। हालांकि, बीते कुछ महीनों में देश के कई हिस्सों से वाहन चालकों द्वारा वाहनों के माइलेज में गिरावट और इंजनों में खराबी की शिकायतें सामने आईं। पिछले महीने भी अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री को एक पत्र लिखकर इस विषय पर मिलने का समय मांगा था। पत्र का कोई जवाब न मिलने पर ही उन्होंने 4 अगस्त को सीधे पीएम आवास तक मार्च निकालने और ज्ञापन सौंपने का फैसला किया।
प्रदर्शन अनुमति मिली है या नहीं ?
दिल्ली पुलिस सूत्रों ने स्पष्ट कर दिया है कि सुरक्षा कारणों से बिना किसी पूर्वानुमति के पीएम आवास की ओर प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी जाएगी। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यदि गैर-कानूनी तरीके से जुलूस निकालने या बैरिकेड तोड़ने का प्रयास किया गया तो नियमानुसार सख्त कानूनी कार्रवाई होगी। दूसरी ओर, केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि E20 पेट्रोल पूरी तरह से सुरक्षित है और वैज्ञानिक जांच के बाद ही इसे देश में लागू किया गया है। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि करोड़ों वाहन बिना किसी तकनीकी समस्या के E20 पेट्रोल पर चल रहे हैं और गाड़ियों के इंजन खराब होने का दावा पूरी तरह भ्रामक है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
Q. अरविंद केजरीवाल आज पीएम आवास तक मार्च क्यों निकाल रहे हैं?
उत्तर: अरविंद केजरीवाल केंद्र सरकार की E20 पेट्रोल (20% एथनॉल मिश्रित ईंधन) नीति के विरोध में और जनता के हस्ताक्षरित दो लाख ज्ञापन प्रधानमंत्री को सौंपने के लिए मार्च निकाल रहे हैं।
Q. क्या दिल्ली पुलिस ने केजरीवाल के इस मार्च को अनुमति दी है?
उत्तर: नहीं, दिल्ली पुलिस के अनुसार इस अनधिकृत प्रदर्शन और मार्च के लिए किसी भी तरह की मंजूरी नहीं दी गई है।
Q. E20 पेट्रोल नीति को लेकर आम आदमी पार्टी की मुख्य मांग क्या है?
उत्तर: आप की मुख्य मांग है कि ग्राहकों को पेट्रोल पंप पर शुद्ध पेट्रोल और E20 में से चुनने का विकल्प मिले, E20 पेट्रोल सस्ता हो और ईंधन की कीमतें घटाई जाएं।
Q. सरकार का E20 एथनॉल मिश्रित पेट्रोल पर क्या पक्ष है?
उत्तर: पेट्रोलियम मंत्रालय का कहना है कि E20 ईंधन वैज्ञानिक जांच के बाद ही लागू किया गया है, इससे पर्यावरण को लाभ हो रहा है और गाड़ियों के इंजन को नुकसान पहुंचने की खबरें भ्रामक हैं।
Q. इस मार्च के दौरान आम लोगों पर क्या असर पड़ सकता है?
उत्तर: दिल्ली पुलिस की कड़ी सुरक्षा और बैरिकेडिंग के कारण सेंट्रल दिल्ली और लुटियंस क्षेत्र के आसपास आम यात्रियों को ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ सकता है।


