छत्तीसगढ़

रायपुर/दिल्ली। इन दिनों छत्तीसगढ़ की राजनीति पर संकट के बादल गहरा रहे हैं। एकबार फिर से ढाई-ढाई साल के फॉर्मूले पर बहस छिड़ गई है। यह मामला तब और गरमा गया जब प्रदेश के 25-26 विधायक दिल्ली दौरे पर पहुंच गए। हालांकि विधायकों का कहना है कि वे अपने निजी कामों की वजह से दिल्ली आएं है। साथ ही उन्होंने किसी बड़े नेता से समय लेने से इंकार किया है।

दिल्ली दौरे के बारे में विधायक डॉ. विनय जयसवाल का कहना है कि यहां जितने भी 25-26 विधायक पहुंचे हैं वे सभी किसी न किसी निजी काम से दिल्ली आए हैं। हम किसी प्रकार से दबाव की राजनीति नहीं कर रहे हैं।

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ढाई-ढाई साल के फॉर्मूला भारतीय जनता पार्टी या मीडिया के जरिए सुनावई देते है। अभी तक कांग्रेस आला कमान ने यह बात नहीं की है। या सरकार गठन के दौरान इस तरह की कोई बात सामने नहीं आई है। हमें पूरा भरोसा है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में पूरे 20 साल छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार चलेगी।

वर्तमान में भारतीय जनता पार्टी के पास कोई चेहरा नहीं है। मुख्यमंत्री के शासन काल में प्रदेश में कई विकास कार्य हो रहे हैं। किसानों की जमीनें उन्हें दी जा रही हैं जिनपर भाजपा शासनकाल के दौरान उद्योगपतियों ने कब्जा कर लिया है।

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