शीतकालीन सत्र से पहले सर्वदलीय बैठक में नहीं पहुंचे पीएम मोदी, पेगासस विवाद और महंगाई के मुद्दे पर चर्चा चाहता है विपक्ष

टीआरपी डेस्क। संसद के शीतकालीन सत्र से पहले सरकार द्वारा रविवार को बुलाई गई सर्वदलीय बैठक में पेगासस जासूसी विवाद, महंगाई और बेरोजगारी के मुद्दों पर चर्चा किए जाने की मांग उठी है।

इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भी शामिल होने की खबर थी लेकिन वो मीटिंग में नहीं पहुंचे। उनकी जगह रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में हुई चर्चा की जानकारी रखने वाले सूत्रों ने बताया कि विपक्षी नेताओं (Opposition Leaders) ने पश्चिम बंगाल सहित कुछ राज्यों में सीमा सुरक्षा बल के विस्तारित अधिकार क्षेत्र का मुद्दा भी उठाया।

आज सर्वदलीय बैठक में 31 राजनीतिक दलों समेत 42 नेताओं ने भाग लिया। करीब तीन घंटे तक चली इस बैठक में विस्तार से चर्चा हुई है। ऐसा बताया जा रहा है कि तृणमूल कांग्रेस के नेताओं-सुदीप बंदोपाध्याय और डेरेक ओ ब्रायन ने लाभकारी सार्वजनिक उपक्रमों के विनिवेश और न्यूनतम सर्मथन मूल्य (MSP) पर कानून लाने का मुद्दा भी उठाया। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) की अध्यक्षता हुई इस बैठक से आम आदमी पार्टी (Aam Aadmi Party) के नेता नाराज होकर चले गए।

See also  PM मोदी के यूबीटी शिवसेना को ‘नकली’ शिवसेना कहने पर ठाकरे का पलटवार

700 मृतक किसानों के परिजनों को मुआवजा देने की मांग

राज्यसभा (Rajya Sabha) में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे (Mallikarjun Kharge) ने कहा, ‘मीटिंग में सभी दलों की मांग थी कि किसानों के मुद्दे पर खासकर MSP कानून और बिजली कानून को लेकर तुरंत ऐक्शन लिया जाना चाहिए। इसके अलावा 700 किसानों के परिजनों को मुआवजा मिलना चाहिए.’ खड़गे ने कहा, ‘कोविड की तीसरी लहर को रोकने के लिए सरकार को एक्शन लेना चाहिए।’

उन्होंने आगे कहा, ‘हमें आशंका है कि किसान बिल किसी ना किसी रूप में दोबारा लाया जा सकता है। हम जनता के मुद्दे पर सरकार का सहयोग करना चाहते है लेकिन अगर जनता के लिए सदन का कामकाज बाधित होता है तो सरकार जिम्मेदार होगी।’ खड़गे ने कहा, ‘सर्वदलीय बैठक में कम से कम 15-20 विषयों पर चर्चा हुई। सभी पार्टियों ने केंद्र सरकार से कहा कि MSP और इलेक्ट्रिक बिल पर तुरंत कार्यवाही करनी चाहिए और MSP पर कानून बनाना चाहिए।’

See also  ऑनलाइन ठगी के पैसों के लिए म्यूल अकाउंट का हुआ इस्तेमाल, रायपुर-बिलासपुर के बाद दुर्ग में भी हुई कार्रवाई, 35 लोग हुए गिरफ्तार

बैठक में 31 राजनीतिक दलों समेत 40 नेताओं ने लिया हिस्सा

वहीं, सर्वदलीय बैठक के बाद संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा, ‘आज सर्वदलीय बैठक में 31 राजनीतिक दलों समेत 40 नेताओं ने भाग लिया। बैठक में विस्तार से चर्चा हुई है। नियमों के साथ सरकार सदन में चर्चा के लिए तैयार है।’ उन्होंने कहा, ‘आज सरकार की तरफ से ऑल पार्टी मीटिंग में सभी दलों से सदन का कामकाज चलाने के लिए अपील की है।

परंपरागत रूप से संसद सत्र की शुरुआत की पूर्व संध्या पर होने वाली बैठक में उपस्थित प्रमुख विपक्षी नेताओं में कांग्रेस से मल्लिकार्जुन खड़गे, अधीर रंजन चौधरी और आनंद शर्मा, द्रविड़ मुनेत्र कषगम से टीआर बालू और तिरुचि शिवा, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी से शरद पवार, शिवसेना से विनायक राउत, समाजवादी पार्टी के रामगोपाल यादव, बहुजन समाज पार्टी से सतीश मिश्रा, बीजू जनता दल से प्रसन्ना आचार्य और नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता फारूक अब्दुल्ला शामिल थे। संसद का शीतकालीन सत्र सोमवार से शुरू होकर 23 दिसंबर तक चलेगा।

See also  LPG Crisis in India: भारतीय झंडे वाले दो और एलपीजी टैंकर हौर्मुज की खाड़ी से गुजरने को तैयार, एस्कॉर्ट के लिए इंडियन नेवी तैनात

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे
फेसबुक, ट्विटरयूट्यूब, इंस्टाग्राम, लिंक्डइन, टेलीग्रामकू और वॉट्सएप, पर