Fines imposed on private hospitals that do not follow the guidelines of Corona
Fines imposed on private hospitals that do not follow the guidelines of Corona

धमतरी। जिले में निजी अस्पतालों के निरिक्षण दौरान अनेक अस्पताल कोरोना के रोकथाम की गाइडलाइन का उल्लंघन करते पाए गए। जिसके चलते इन अस्पतालों से जुर्माना वसूला गया।

कलेक्टर पी.एस. एल्मा के निर्देश पर निजी अस्पतालों एवं नर्सिंग होम में कोविड-19 के संबंध में जारी निर्देशों का सख्ती से पालन कराने, अस्पताल परिसर एवं वार्ड में कोविड के रोकथाम एवं बचाव, सुरक्षा के मानक उपायों का फ्लेक्स चस्पा करने, कोविड प्रोटोकॉल का अनुपालन, हॉस्पिटल में मरीजों को बगैर कोविड जांच के भर्ती नहीं करने आदि निर्देशों का पालन कराने के उद्देश्य से मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. डी.के. तुरे, जिला सर्विलेंस अधिकारी एवं उनकी टीम द्वारा शहर के विभिन्न अशासकीय अस्पतालों का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। उपरोक्त निर्देशों का पालन नहीं करने वाले अस्पताल प्रबंधन पर भारत सरकार के एपिडेमिक डिसीजेज एक्ट के तहत जुर्माने की कार्रवाई की गई।

अस्पतालों में अनेक खामियां हुईं उजागर

स्वास्थ्य विभाग की टीम शहर के ओजस्वी नर्सिंग होम, श्रीराम हॉस्पिटल, धमतरी हॉस्पिटल एवं श्री गणपति हॉस्पिटल रूद्री रोड धमतरी का औचक निरीक्षण कर कोविड-19 हेतु आरक्षित बिस्तर, कोविड नोडल अधिकारी, संपर्क नंबर, कोविड-आईईसी, प्रोटोकॉल, ड्यूटी डॉक्टर एवं प्रशिक्षित पैरामेडिकल स्टाफ का जायजा लिया। इस दौरान निजी हॉस्पिटल में कतिपय कमियां एवं एपिडेमिक एक्ट 1987 के नियम-विरूद्ध पाया गया।

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इन अस्पताल संचालकों के द्वारा भारत सरकार द्वारा वैश्विक महामारी कोविड-19 के निर्धारित सुरक्षा के उपाय का पालन नहीं किया जा रहा था। न ही कोविड-19 के बचाव हेतु स्थापना में आईईसी, व्यक्तिगत सुरक्षा के मानक उपायों का समुचित ढंग से प्रचार-प्रसार चस्पा किया जा रहा, जो कि भारत सरकार के एपिडेमिक डिसीजेज एक्ट 1897 के विरूद्ध है। यह भी देखने में आया कि वर्तमान में उक्त अस्पताल संचालकों द्वारा कोविड प्रोटाकॉल का पालन नहीं किया जा रहा है, जिससे सामान्य भर्ती मरीजों में कोविड संक्रमण फैलने की आशंका है। साथ ही हॉस्पिटलों में कोविड-19 हेतु नोडल अधिकारी की नियुक्ति नहीं की गई थी, न ही सम्पर्क नंबर चस्पा किया गया था।

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि जांच के दौरान श्रीराम हॉस्पिटल, धमतरी हॉस्पिटल, श्री गणपति हॉस्पिटल धमतरी में नर्सिंग होम एक्ट के नियम का पूर्णत पालन करना नहीं पाया गया। भर्ती मरीज के लिए जनरल ड्यूटी डॉक्टर नहीं थे, जिससे मरीजों की देखभाल में लापरवाही को दर्शित करता है। वहीं उन्हें पैरामेडिकल स्टॉफ के भरोसे हॉस्पिटल का संचालन किया जा रहा था।

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एक ही वार्ड में covid और सामान्य मरीज भर्ती..!

CMO ने बताया कि गणपति हॉस्पिटल को जिला आपदा प्रबंधन समिति द्वारा मरीज भर्ती करने हेतु अधिकृत नहीं किए जाने के उपरांत भी एक ही वार्ड में कोविड पॉजीटिव मरीज एवं सामान्य मरीज को भर्ती किया गया था। इसके लिए हॉस्पिटल प्रबंधन पर दस हजार रूपए का दण्ड अधिरोपित किया गया। साथ ही ओजस्वी नर्सिंग होम, श्रीराम हॉस्पिटल एवं धमतरी हॉस्पिटल रूद्री रोड धमतरी प्रत्येक पर पांच-पांच हजार रूपए का जुर्माना लिया गया। उक्त संबंधित निजी अस्पताल प्रबंधन द्वारा एपिडेमिक डिसीज एक्ट 1987, छ.ग. पब्लिक एक्ट 1949, नर्सिंग होम एक्ट 2010 का सही तरीके से अनुपालन नहीं करने के कारण आर्थिक रूप से दण्डित किया गया तथा मौके पर उपस्थित निजी अस्पताल प्रबंधन को कोविड-19 हेतु जारी निर्देशों का सख्ती से पालन करने की चेतावनी दी गई।

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