बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव नजदीक है ऐसे में प्रशासन चुनाव संपन्न कराने के लिए पूरी तरह से तैयारियों में जुटी हुई है। चुनावी ड्यूटी के कारण सरकारी कार्यालयों में अधिकारियों और कर्मचारियों की भारी कमी महसूस की जा रही है। ऐसा ही हाल खनिज विभाग का भी है जिसका फायदा अवैध खनन माफिया जमकर उठा रहे हैं । सभी क्षेत्रों में सक्रिय खनन माफिया अवैध खनन कर सरकार को करोड़ों रुपए का चूना लगा रहे हैं।

जिले में अवैध खनिज उत्खनन लगातार जारी है. इससे सरकार को हर साल करोड़ों रुपए के राजस्व का घाटा हो रहा है। लोगों का यह भी कहना है कि यह इसमें जिले के कुछ जनप्रतिनिधि भी शामिल हैं, जिनकी गाड़ियां इस अवैध उत्खनन में शामिल हैं। ताजा मामला बलौदाबाजार जिला कलेक्टर कार्यालय से मात्र तीन किमी दूर ग्राम सोनपुरी का है. यहां मुरूम का अवैध उत्खनन किया जा रहा है. वहीं शिकायत करने पर भी खनिज विभाग के अधिकारी कोई कार्रवाई नहीं कर रहे, इस प्रकार जिले में ऐसे अनेक जगह है, जहां अवैध रूप से खदान बने हुए हैं।

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वहीं, रेत का भी अवैध उत्खनन परिवहन लगातार जारी है पर कार्रवाई शून्य है. दिखावे के लिए कभी-कभी खनिज विभाग कार्रवाई करती है पर खनिज उत्खनन माफियाओं के हौसले इतने बुलंद कि जब्त गाड़ी को कलेक्टर परिसर से गायब करवा देते हैं और खनिज अधिकारी हाथ मलते रह जाते हैं। देखना अब यह है कि जहां आचार संहिता लागू है ऐसे समय में अधिकारी और जिला प्रशासन ऐसे लोगों पर क्या ठोस कार्रवाई करती है।