रायपुर। नगर निगम रायपुर के महापौर एजाज ढेबर विधानसभा घेराव के बाद दर्ज FIR को लेकर कांग्रेस नेताओं के साथ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संतोष सिंह से मिलने पहुंचे।

इस दौरान महापौर ने कहा कि प्रदर्शन के दौरान 25000 हजार लोग मौजूद थे। अगर FIR करना है, तो सभी पर की जाए। सिविल लाइन थाने में दर्ज FIR को शून्य किया जाए। यह राजनीति से प्रेरित है। उन्होंने यह भी कहा कि 30 साल के राजनीतिक करियर में मेरे खिलाफ कभी गंभीर धाराओं में FIR नहीं हुई। इस बात से मैं बहुत व्यथित हूं। पिछले 3 रातों से मैं सोया नहीं हूं। मुझे टारगेट कर मेरे खिलाफ कार्रवाई की गई है। वीडियो जारी कर एक तरफा दिखाया गया है। उसके पहले मेरे साथ हुई धक्का-मुक्की को नहीं दिखाया गया।

उन्होंने कहा कि जब धरना प्रदर्शन या आंदोलन होता है, तो धक्का मुक्की होती है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि टारगेट कर एफआईआर की जाए। महापौर ने कहा कि इससे मैं बहुत आहत हूं अगर आप कुछ नहीं करेंगे तो मैं आत्महत्या कर लूंगा। आपके नाम चिट्ठी लिखकर जाऊंगा। इसके जवाबदार आप होंगे।

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महापौर के आत्महत्या वाली धमकी एसएसपी संतोष सिंह ने कहा कि आपको क्या करना है यह आप डिसाइड करिए, कानून अपने हिसाब से काम करेगा।

क्या है मामला

बता दें कि रायपुर मेयर एजाज ढेबर पर FIR की गई है। 24 जुलाई को हुए आंदोलन को लेकर एजाज ढेबर, आशीष द्विवेदी समेत कई कार्यकर्ताओं पर केस दर्ज किया गया है। कांग्रेस के नेताओं पर बगैर अनुमति विधानसभा घेराव के लिए रास्ता बाधित किये जाने, पुलिस से मारपीट और शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने का आरोप है। वहीं महापौर एजाज ढेबर पर आंदोलन के दौरान पुलिस से मारपीट और बदसूलकी का मामला दर्ज किया गया है।