बलरामपुर। आज सुबह बलरामपुर वनमंडल के मुरका गांव में धान के खेत में नर हाथी का शव मिला। घटनास्थल की जांच में पता चला कि इस हाथी की मौत खेत के किसान द्वारा बिछाए गए बिजली के तार की चपेट में आने से हुई है। मौके पर पहुंचे वन अमले ने जांच के बाद आरोपी किसान को गिरफ्तार कर लिया।
लापता हाथी की खोजबीन के दौरान मिला शव
दरअसल बलरामपुर रेंज के कक्ष क्रमांक पी 3492 में जंगली हाथियों का दल विचरण कर रहा था, जिसकी निगरानी लगातार वन विभाग की टीम कर रही थी। अचानक रात में करीब 1 बजे हाथी दल से 1 हाथी के बिछड़ने की जानकारी मिली। वन मंडल अधिकारी अशोक तिवारी के निर्देश पर वन विभाग की टीम तत्काल हाथी के पतासाजी में जुट गई । सुबह करीब 7 बजे हाथी मृत अवस्था मे जंगल के किनारे स्थित धान के खेत मे मिला।

क्लच वायर से जोड़कर लगाया था करंट
प्रारंभिक विवेचना में पाया गया कि फसल के किनारे हाई वोल्टेज बिजली तार में कलच वायर से जोड़कर करंट लगाया गया था जिसके चपेट में आने से नर हाथी की मृत्यु हो गई। आरोपी की पतासाजी कर रामबक्स पिता बाबूलाल गोड़ निवासी मुरका को गिरफ्तार कर वन्यप्राणी संरक्षण अधिनियम 1972 के प्रावधान के तहत वन अपराध प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है। सी.सी.एफ. सरगुजा, माथेश्वरण बी, सी.एफ. वन्यप्राणी के.आर.बढ़ई, उप निदेशक एलिफ़ेंट रिज़र्व, श्रीनिवास तनेटी “डी.एफ.ओ.” अशोक तिवारी, बलरामपुर एवं अन्य अधिकारी कर्मचारियों की उपस्थिति में पशु चिकित्सक की टीम द्वारा जंगली हाथी का पोस्टमार्टम कर शव का अंतिम संस्कार किया गया।

इस प्रकरण की जांच और खुलासे में प्रकरण में एसडीओ अनिल सिंह, एसडीओ संतोष पांडेय, बलरामपुर रेंजर निखिल सक्सेना, ज्वाला पांडेय, अनिल कुजूर, प्रमोद लकड़ा, विजय सिंह, दयाशंकर सिंह, सरेन्द्र उइके, शिवशंकर सिंह, सिकंदर केरकट्टा, राजेश राम, अजीत कुजूर, देवीलाल, राजनाथ सिंह व अन्य स्टाफ शामिल रहे।


