बलरामपुर। शिक्षा विभाग की तमाम कार्यवाहियों के बावजूद आदिवासी बाहुल्य इलाकों में शराबी शिक्षकों की हरकतें बढ़ती जा रही हैं। बलरामपुर जिला भी इन्हीं में से एक है। यहां एक शराबी शिक्षक ने अस्पताल में इतना हंगामा किया कि यहां के कर्मचारियों ने शिक्षक का हाथ-पैर बांधकर उसे बंधक बना लिया। बाद में पहुंची पुलिस ने शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया।

बलरामपुर जिले के शंकरगढ़ स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में यह वाकया हुआ, जहां शनिवार देर रात एक शिक्षक प्रबोध एक्का शराब के नशे में धुत होकर अस्पताल पहुंचा और वहां तैनात बीएमओ, नर्स व अन्य कर्मचारियों के साथ बदसलूकी करने लगा।आरोप है कि शिक्षक ने न केवल गाली-गलौज की, बल्कि कर्मचारियों को अपमानित करने की कोशिश भी की। स्थिति लगातार बिगड़ती देख अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी मच गई और मरीजों के बीच भी डर का माहौल बन गया।

हंगामेबाज शिक्षक को इस तरह किया काबू

शिक्षक जब लगातार बेकाबू होकर हंगामा करता रहा तो अस्पताल स्टाफ ने उसे काबू करने का प्रयास किया। नशे में धुत शिक्षक ने हाथापाई करने की भी कोशिश की, जिसके बाद कर्मचारियों ने मजबूरी में उसके हाथ-पैर बांध दिए। इसके बाद उसे एक कमरे में बंद कर पुलिस को सूचना दी गई। अस्पताल स्टाफ का कहना है कि यदि समय रहते शिक्षक को नियंत्रित नहीं किया जाता, तो वह और भी बड़ा नुकसान पहुंचा सकता था।

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जेल भेजा गया शराबी शिक्षक

सूचना मिलते ही शंकरगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी शिक्षक प्रबोध एक्का को गिरफ्तार कर थाने ले गई। पूछताछ के बाद पुलिस ने उसे अदालत में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस अधिकारियों ने पुष्टि की है कि शिक्षक शराब के नशे में था और उसने सार्वजनिक स्थान पर हंगामा करने के साथ सरकारी कर्मचारियों से गाली-गलौज व दुर्व्यवहार भी किया।