रायपुर। Mahtari Vandan Yojana 25th Installment: अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के खास मौके पर आज बस्तर की धरा से प्रदेश की लाखों महिलाओं के लिए खुशियों की सौगात आई है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बस्तर के ऐतिहासिक लाल बहादुर शास्त्री स्टेडियम में आयोजित महतारी वंदन उत्सव के दौरान एक सिंगल क्लिक के जरिए प्रदेश की लाखों माताओं-बहनों के बैंक खातों में योजना की अगली किस्त जारी कर दी है।
किस्त आते ही चहक उठे चेहरे
बता दें कि आज महिला दिवस के इस भव्य समारोह में प्रदेश की करीब 69 लाख महिलाओं के खातों में महतारी वंदन योजना की 25वीं किस्त सफलता पूर्वक ट्रांसफर की गई। इस बार सरकार ने कुल 641.5 करोड़ रुपये की राशि अंतरित की है। जैसे ही महिलाओं के मोबाइल पर मैसेज की घंटी बजी, स्टेडियम में मौजूद हजारों महिलाओं के चेहरे खिल उठे। मैदानी स्तर पर इस योजना का असर अब साफ दिखने लगा है, जहाँ महिलाएं अपनी छोटी-मोटी जरूरतों के लिए अब आत्मनिर्भर महसूस कर रही हैं।
दो सालों में 16 हजार करोड़ का आंकड़ा पार
सरकारी आंकड़ों और सूत्रों के अनुसार, छत्तीसगढ़ सरकार ने इस फ्लैगशिप योजना के जरिए अब तक प्रदेश की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए 16 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि वितरित कर दी है। पिछले दो वर्षों का यह सफर बताता है कि राज्य सरकार की प्राथमिकता में महिला सशक्तिकरण सबसे ऊपर है।
बस्तर के मैदान से बड़ा संदेश
जानकारों का मानना है कि इस बार आयोजन के लिए बस्तर के लाल बहादुर शास्त्री स्टेडियम को चुनना एक बड़ा रणनीतिक कदम है। मुख्यमंत्री ने मंच से संबोधित करते हुए कहा कि यह सिर्फ पैसा नहीं, बल्कि हमारी माताओं-बहनों के प्रति सम्मान है। कार्यक्रम के दौरान बिलासपुर, भिलाई और रायपुर जैसे बड़े शहरों से भी महिलाएं वर्चुअली जुड़ी रहीं। बता दें कि महतारी वंदन योजना के तहत मिलने वाली यह एक हजार रुपये की मासिक राशि ग्रामीण अर्थव्यवस्था में भी जान फूंक रही है।
स्थानीय प्रशासन का कहना है कि योजना के सफल दो साल पूरे होने के बाद अब सरकार उन महिलाओं पर फोकस कर रही है, जिनके केवाईसी या बैंक खातों में तकनीकी दिक्कतें आ रही थीं। उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले समय में योजना का दायरा और बढ़ सकता है। फिलहाल, बस्तर के इस उत्सव ने यह साफ कर दिया है कि महतारियों का वंदन छत्तीसगढ़ की पहचान बन चुका है।


