रायपुर। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के बॉयज हास्टल में आज दोपहर एक छात्र गंभीर रूप से घायल हो गया। यहां हास्टल रूम की छत से फ्लास्टर छात्र के उपर आ गिरा। इसमें वह घायल हो गया। साथियों ने उसे पास के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां सिर में टांके लगाने पड़े। घटना के बाद NSUI प्रदेश सचिव महताब हुसैन के नेतृत्व में छात्रों ने कुलपति की गाड़ी के सामने लेटकर प्रदर्शन किया और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। छात्रों ने इसे विश्वविद्यालय प्रशासन की घोर लापरवाही बताया।

‘छत के नीचे दबने से बेहतर कुलपति गाड़ी चढ़ा दें’
प्रदर्शन के दौरान महताब हुसैन ने कहा- “अगर हमारी किस्मत में मरना ही लिखा है, तो जर्जर कमरे की छत के नीचे दबकर मरने से बेहतर है कि कुलपति अपनी गाड़ी हम पर चढ़ा दें। कम से कम प्रदेश को पता चलेगा कि छात्रों की जान की कोई कीमत नहीं समझने वाला प्रशासन कितना संवेदनहीन हो चुका है।” उन्होंने कहा कि बार-बार शिकायत के बावजूद मरम्मत नहीं कराई गई। समय रहते जिम्मेदारी निभाते तो आज किसी छात्र का सिर नहीं फूटता।

NSUI की मांग: उच्चस्तरीय जांच और अधिकारियों को हटाया जाए
NSUI ने छात्रावासों की मरम्मत के लिए स्वीकृत बजट, उसके उपयोग और निर्माण की गुणवत्ता की उच्चस्तरीय तकनीकी-वित्तीय जांच की मांग की है। साथ ही DSW, इंजीनियरिंग शाखा और जिम्मेदार अधिकारियों पर विभागीय-कानूनी कार्रवाई, उन्हें पद से हटाने और प्रदेश के सभी विश्वविद्यालय छात्रावासों का स्वतंत्र सुरक्षा ऑडिट कराने की मांग की। महताब ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन नैतिक रूप से विफल है। दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो कल किसी छात्र की मौत की जिम्मेदारी सीधे प्रशासन की होगी।

व्यापक आंदोलन की चेतावनी
NSUI ने चेतावनी दी है कि जल्द दोषियों पर कार्रवाई और छात्रावासों की जर्जर स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन को पूरे प्रदेश में व्यापक जनआंदोलन का रूप दिया जाएगा। जिसकी पूरी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय प्रशासन की होगी।



