रायपुर। न्याय की उम्मीद में दर-दर भटक रही भुरकोनी अभनपुर निवासी पूर्णिमा साहू आखिरकार जिंदगी की जंग हार गईं। राजधानी के सिविल लाइन क्षेत्र में आत्मदाह का प्रयास करने वाली पूर्णिमा का मंगलवार को इलाज के दौरान डीकेएस अस्पताल में निधन हो गया। सिविल लाइन थाना से मिली जानकारी के अनुसार महिला ने 21 जून को आत्मदाह का प्रयास किया था। घटना के बाद उन्हें डीकेएस अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

बताया जा रहा है कि पूर्णिमा लंबे समय से अपने निजी मकान और पारिवारिक विवाद को लेकर प्रशासन से गुहार लगा रही थीं। परिजनों का आरोप है कि बार-बार शिकायत और अधिकारियों के चक्कर लगाने के बावजूद उनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ। लगातार बढ़ती निराशा के बीच उन्होंने यह गंभीर कदम उठा लिया था।

फिलहाल पुलिस ने पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मामले की जांच जारी है। पूर्णिमा की मौत के बाद परिजनों में गहरा शोक है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते उनकी शिकायतों पर प्रभावी कार्रवाई होती, तो शायद आज यह दुखद दिन नहीं देखना पड़ता। इस घटना ने एक बार फिर व्यवस्था की संवेदनशीलता और समय पर न्याय मिलने के सवाल खड़े कर दिए हैं।

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यह घटना केवल एक परिवार का दर्द नहीं, बल्कि उन लोगों की पीड़ा का भी प्रतीक है जो न्याय और सुनवाई की उम्मीद में लगातार सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाते हैं। समय पर संवाद, संवेदनशील सुनवाई और त्वरित समाधान कई बार ऐसी त्रासदियों को टाल सकते हैं।