बिलासपुर। डॉ. भीमराव अंबेडकर के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी करने के मामले में भिलाई निवासी अनामिका उपाध्याय (20) को छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट से राहत नहीं मिली। मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा और न्यायमूर्ति रविंद्र कुमार अग्रवाल की खंडपीठ ने एफआईआर, आरोपपत्र और संज्ञान आदेश को निरस्त करने की मांग वाली याचिका खारिज कर दी।

हाईकोर्ट ने कहा–प्रथम दृष्टया संज्ञेय अपराध

अदालत ने अपने आदेश में कहा कि एफआईआर और गवाहों के बयानों के आधार पर प्रथम दृष्टया संज्ञेय अपराध बनता है। ऐसे में इस स्तर पर न्यायालय का हस्तक्षेप उचित नहीं है।

अदालत ने स्पष्ट किया कि इन मुद्दों पर अभी कोई निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद हाईकोर्ट ने कहा कि आरोपपत्र में उपलब्ध सामग्री प्रथम दृष्टया संज्ञेय अपराध की ओर संकेत करती है। इसलिए मामले का परीक्षण ट्रायल कोर्ट में ही होना चाहिए। इसी आधार पर एफआईआर, आरोपपत्र और संज्ञान आदेश को रद्द करने की मांग वाली याचिका खारिज कर दी गई।

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इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य और जांच पर उठे सवाल

सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने कहा कि इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की स्वीकार्यता, पेन ड्राइव की जब्ती में कथित विसंगतियां, गवाहों की विश्वसनीयता और जांच प्रक्रिया में हुई कथित त्रुटियां तथ्यात्मक विवाद हैं। इन सभी पहलुओं की जांच और मूल्यांकन ट्रायल कोर्ट में साक्ष्यों के आधार पर किया जाएगा।

क्या है पूरा मामला ?

बीते 19 अप्रैल 2026 को सामाजिक कार्यकर्ता धनंजय साहू ने भिलाई नगर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि अनामिका उपाध्याय ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर डॉ. भीमराव अंबेडकर के संबंध में आपत्तिजनक टिप्पणी पोस्ट की थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के साथ-साथ अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया था।

दोनों पक्षों की दलीलें

याचिकाकर्ता की ओर से दलील दी गई कि विशेष अदालत ने न्यायिक विवेक का उचित इस्तेमाल नहीं किया और सोशल मीडिया पोस्ट को संदर्भ से अलग करके देखा गया। वहीं, राज्य शासन की ओर से कहा गया कि जांच में पर्याप्त सामग्री सामने आई है, जिसके आधार पर मुकदमा चलाया जाना उचित है।

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FAQ: डॉ. अंबेडकर टिप्पणी मामला

सवाल 1. आरोपी कौन है ?

भिलाई निवासी अनामिका उपाध्याय, उम्र 20 साल

सवाल 2. आरोप क्या है ?

सोशल मीडिया पर डॉ. भीमराव अंबेडकर के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी पोस्ट करना

सवाल 3. हाईकोर्ट ने क्या फैसला दिया ?

एफआईआर, आरोपपत्र और संज्ञान आदेश रद्द करने की याचिका खारिज कर दी

सवाल 1. मामला किस थाने में दर्ज है ?

भिलाई नगर थाना

सवाल 4. किन धाराओं में केस दर्ज हुआ ?

भारतीय न्याय संहिता की धाराएं और SC/ST अत्याचार निवारण अधिनियम

सवाल 5. अब आगे क्या होगा ?

मामले की सुनवाई और साक्ष्यों का परीक्षण ट्रायल कोर्ट में होगा