Independence Day Craft: 15 अगस्त की तैयारियों के बीच कई स्कूलों में बच्चों को तिरंगा बनाने का प्रोजेक्ट दिया गया है। छोटे बच्चों के ये प्रोजेक्ट अक्सर पेरेंट्स को ही पूरे करने पड़ते हैं, जिससे कई बार झंझट बढ़ जाती है।
अगर आपके बच्चे को भी स्कूल से ऐसा ही क्राफ्ट वर्क मिला है, तो परेशान होने की जरूरत नहीं है। आप घर पर मौजूद मामूली सामान से बहुत आसानी से बच्चों के साथ मिलकर आकर्षक और सुंदर तिरंगा तैयार कर सकते हैं।
तिरंगा बनाने के लिए जरूरी सामान
प्रोजेक्ट की शुरुआत करने से पहले कुछ जरूरी चीजें पास रख लें। इससे बीच में काम नहीं रुकता है।
- सफेद चार्ट पेपर या ड्राइंग शीट
- केसरिया, सफेद और हरे रंग का पेपर या कलर
- गोंद और कैंची
- स्केल और पेंसिल
- नीले रंग का स्केच पेन
- झंडे की डंडी के लिए जूस वाली स्ट्रॉ या आइसक्रीम स्टिक
तिरंगा बनाने का तरीका
1.चार्ट पेपर से तिरंगे का शेप तैयार करें
सबसे पहले सफेद चार्ट पेपर को तिरंगे के तय आकार में काटकर अलग रख लीजिए। अब इस पेपर पर स्केल और पेंसिल की मदद से तीन बराबर भागों में लाइन खींचकर तीन पट्टियां बना लें।
2. रंगों को सही क्रम में भरें
चार्ट पेपर की पट्टियों पर केसरिया, हरा और सफेद रंग भरें। आप चाहें तो पेंट कर सकते हैं या फिर तीनों रंगों के अलग-अलग रंगीन पेपर काटकर चिपका सकते हैं। अपनी सहूलियत के हिसाब से कोई भी तरीका चुनें। इस दौरान बच्चे को राष्ट्रीय ध्वज के इन तीनों रंगों और उनके मतलब के बारे में जरूर बताएं।
3. अशोक चक्र बनाएं
तिरंगे में अशोक चक्र बनाना सबसे जरूरी और थोड़ा पेचीदा हिस्सा है। अशोक चक्र में कुल 24 तीलियां होती हैं। सफेद पट्टी के बीच में नीले रंग से एक छोटा गोला बनाएं। इसके अंदर बिल्कुल सही 24 तीलियां बनाएं। गोला बनाने के लिए आप किसी छोटे ढक्कन या कंपास की मदद ले सकते हैं। बच्चों को इन तीलियों का महत्व भी जरूर समझाएं।
क्राफ्ट में ऐसे लाएं क्रिएटिविटी
सादे झंडे को थोड़ा और सुंदर दिखाने के लिए आप हल्की क्रिएटिविटी कर सकते हैं। तिरंगे के किनारों पर रंगीन पेपर का बॉर्डर लगा सकते हैं। हालांकि, ग्लिटर का इस्तेमाल कम से कम करें। अगर आप झंडे को सिंपल और सोबर लुक देना चाहते हैं, तो यह भी एक बेहतरीन विकल्प है।
झंडे की डंडी और फाइनल टच
तैयार किए गए चार्ट पेपर के पिछले हिस्से पर गोंद लगाएं। अब जूस वाली स्ट्रॉ या आइसक्रीम स्टिक को रखकर पेपर को गोल घुमाते हुए चिपका दें। स्ट्रॉ लंबी होने से बच्चों को पकड़ने में आसानी रहती है। आप चाहें तो नीचे थर्माकोल लगाकर इसका एक छोटा स्टैंड भी बना सकते हैं। राष्ट्रीय ध्वज का पूरा सम्मान करते हुए इसे हमेशा साफ-सुथरा और करीने से तैयार करें।


