Condition Of ED Accused In Jail - ब्लड प्रेशर, सिरदर्द से ग्रस्त सूर्यकांत का ऐसा फूटा गुस्सा और बोला…
Condition Of ED Accused In Jail - ब्लड प्रेशर, सिरदर्द से ग्रस्त सूर्यकांत का ऐसा फूटा गुस्सा और बोला…

स्वाति रविकांत कौशिक

वो पुरे ताव में था, लिफ्ट में सवार होने के वक्त नाराज़ सूर्यकान्त प्रहरियों और स्टेट पुलिस जवानों पर चिड़चिड़ाता रहा। उसे जब कार्डियक टेस्ट के लिए लेकर सुरक्षा प्रहरी अस्पताल की लिफ्ट के पास पहुंचे तो वह गुस्से से बोला लगाओ एसपी को फोन, लाओ मेरी बात करवाओ मुझे नहीं रहना है यहां। लोवर, टीशर्ट और शॉल में गुरुवार रात को जेल से अस्पताल लाया गया था तब उसका बीपी ज्यादा बढ़ा हुआ था।

बताते हैं कि कल रात को करीब 10 बजे जेल से लाया गया था। ओपीडी से जांच के बाद सीधे एडवांस कार्डियक इंस्टीट्यूट लाया गया फिर एमआईसीयू में शिफ्ट किया गया। आज व्हील चेयर में कार्डियोलॉजी में जांच के लिए उसे लेकर पुलिस और जेल प्रहरी पहुंचे। उसकी जांच के बाद एमआईसीयू ले गए चिकित्सकों का कहना है कि रात की तुलना में आज बीपी और सिरदर्द काम है। चिकित्सकों के मुताबिक सुधर होने की उम्मीद है और आज रात जेल भेज दिया जायेगा।

टीआरपी के पास सूर्यकांत तिवारी का अस्पताल में एक्सक्लूज़िव फुटेज मिला। जिसमे वह व्हील चेयर में बैठा दिख रहा है। करोड़ों रूपये कमाने वाला ED का आरोपी सूर्यकान्त फ़िलहाल न्यायिक अभिरक्षा में जेल में है। अस्पताल के वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि वह ठीक नहीं है।

स्थानीय पुलिस, जेल स्टाफ के अलावा सादी वर्दी में भी पुलिस वाले उसपर नज़र रखे थे। जानकारी के मुताबिक सूर्यकांत की तरह ED के शिकंजे में फंसे निलंबित आईएएस समीर बिश्नोई और कारोबारी सुनील अग्रवाल का बीपी, शुगर, सिरदर्द उन्हें परेशां किये है। सूर्यकान्त का चाचा लक्ष्मीकांत तिवारी ही जेल में अब तक इन सभी से ज्यादा बेहतर है।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।