रायपुर। RTI का जवाब नहीं देना वन विभाग के अफसरों को महंगा पड़ गया। सूचना आयुक्त ने रेजर्स को 25-25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। रेजर्स ने RTI के तहत मांगी गयी जानकारी नहीं दी थी, इसे लेकर सूचना आयोग में अपील की थी, जिसके बाद सूचना आयुक्त धनवेंद्र जायसवाल ने वनमंडल के वन परिक्षेत्राधिकारी कुवांरपुर, बरसासी, जनकपुर, बिहारपुर, मनेंद्रगढ़ पर 25-25 हजार रुपये जुर्माना लगाया है।

दरएसल RTI कार्यकर्ता अशोक श्रीवास्तव ने आरटीआई के तहत वन परिक्षेत्र में कैम्पा मद के कार्यो की जानकारी व भुगतान को लेकर जानकारी मांगी थी। लेकिन रेंजर्स ने ये कहते हुए जानकारी देने से इंकार कर दिया कि ये व्यक्तिगत जानकारी है। जिसके बाद आरटीआई कार्यकर्ता ने प्रथम अपील दायर की वन मण्डलाधिकारी मनेन्द्रगढ़ से जानकारी मांगी।

मगर डीएफओ ने भी इस मामले में गुमराह किया गया। तब आरटीआई कार्यकर्ता ने राज्य सूचना आयोग की शरण ली। जहा सुनवाई में प्रथम दृष्टया दोषी पाते हुए जुर्माना लगाया गया। राज्य सूचना आयुक्त धनवेंद्र जायसवाल ने सत्र 2022 के अपीलार्थी अशोक श्रीवास्तव के प्रकरण पर की कार्यवाही की, साथ ही 30 दिन के अंदर जानकारी देने के निर्देश दिया है।

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।