रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन द्वारा पारंपरिक चिकित्सक वैद्यराज हेमचंद मांझी को वाय श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की गई है। इस संबंध में गृह विभाग मंत्रालय महानदी भवन से आदेश जारी किए जा चुके हैं।

गौरतलब है कि राज्य शासन द्वारा प्रोटेक्शन रिव्यू गुप की बैठक में हेमचंद माझी (नारायणपुर) को सुरक्षा श्रेणी प्रदान किए जाने की अनुशंसा और प्रदेश में वर्तमान सुरक्षा परिदृश्य को दृष्टिगत रखते हुए, यह आदेश जारी किया गया है।

पद्मश्री लौटाने का फैसले लिया वापस

सुरक्षा प्रदान किए जाने की जानकारी मिलने के बाद वैद्यराज हेमचंद मांझी ने पद्मश्री लौटाने के फैसले को वापस ले लिया है इसके साथ ही उन्होंने फिर से लोगों का उपचार जारी रखने का फैसला लिया है।

बता दें कि पारंपरिक चिकित्सक वैद्यराज हेमचंद मांझी को विधानसभा चुनाव में भी नक्सलियों द्वारा जान से मारने की कोशिश की गई थी। मगर जब वे हाथ नहीं आए तो माओवादियों ने उनके भतीजे को मौत के घाट उतार दिया था। नक्सलियों की धमकी के चलते जिला प्रशासन ने उन्हें गांव से निकालकर कहीं और शिफ्ट कर दिया। वैद्यराज ने नक्सलियों से जान का खतरा बताते हुए मरीजों का उपचार किए जाने से भी इंकार कर दिया था।

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हेमचंद मांझी पांच दशकों से ज्यादा समय से बस्तर सहित पूरे छत्तीसगढ़ के ग्रामीणों को प्राकृतिक और किफायती स्वास्थ्य सेवा प्रदान कर रह हैं। अबूझमाड़ के प्रख्यात वैद्यराज हेमचंद मांझी को महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने पद्म श्री पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।