रायपुर। भारत के नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक (CAG) कार्यालय से जुड़े एक वरिष्ठ लेखा परीक्षा अधिकारी के खिलाफ केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का मामला दर्ज किया है। यह अधिकारी रायपुर स्थित प्रधान महालेखाकार (लेखा परीक्षा) कार्यालय में पदस्थ था।

CBI द्वारा की गई शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी ने 1 जनवरी 2013 से 31 मार्च 2025 के बीच अपने, पत्नी और पुत्र के नाम पर ₹3,32,93,298 की चल-अचल संपत्तियाँ अवैध रूप से अर्जित कीं। इस दौरान उन्होंने अपनी अधिकृत आय से कहीं अधिक संपत्ति अर्जित कर खुद को अनुचित रूप से समृद्ध किया।

CBI ने बुधवार को रायपुर स्थित उनके आवासीय और आधिकारिक परिसरों पर छापेमारी की, जहां से कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य जब्त किए गए हैं। जांच एजेंसी का कहना है कि फिलहाल मामले की जांच जारी है।

प्राथमिक जांच में अधिकारी पर भ्रष्टाचार, आपराधिक कदाचार और पद का दुरुपयोग करते हुए अवैध संपत्ति एकत्र करने के गंभीर आरोप हैं। अधिकारियों का मानना है कि यह केवल शुरुआती आंकड़ा है, संपत्ति का वास्तविक मूल्य इससे कहीं अधिक हो सकता है।

CBI सूत्रों के मुताबिक, आरोपी की परिसंपत्तियों में रियल एस्टेट निवेश, बैंक खातों में बड़ी धनराशि और महंगे वाहनों की जानकारी सामने आई है। मामले में आने वाले दिनों में पूछताछ और गिरफ्तारी की संभावना जताई जा रही है।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।