रायपुर। रायपुर में सक्रिय पाकिस्तानी ड्रग्स नेटवर्क पर पुलिस ने एक और बड़ा वार किया है। बूढ़ा तालाब इलाके में हेरोइन की सप्लाई करने आए एक युवक और युवती को पुलिस ने पीछा कर मौके पर ही दबोच लिया। इनके साथ ही अलग-अलग इलाकों से 8 और पैडलरों को भी पकड़ा गया है। सभी से पूछताछ जारी है।

कुछ दिन पहले इसी नेटवर्क के 9 आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़े थे, जिनमें मास्टरमाइंड लवजीत सिंह और सुवित श्रीवास्तव शामिल हैं। ये दोनों पाकिस्तान से हेरोइन मंगवाकर रायपुर और आसपास के इलाकों में सप्लाई कर रहे थे। पुलिस रिमांड के दौरान पूछताछ में इनसे 8 और पैडलरों के नाम और लोकेशन का खुलासा हुआ। इन पैडलरों के मोबाइल फोन से ऑर्डर बुकिंग, पेमेंट ट्रांजैक्शन और ड्रग्स डिलीवरी के सबूत मिले। इसी आधार पर पुलिस ने ताजा गिरफ्तारियां कीं।

जांच में सामने आया है कि रायपुर में यह नेटवर्क बड़े पैमाने पर ड्रग्स खपा रहा था। सप्लाई के लिए अलग-अलग तरीके अपनाए जाते थे कभी कुरियर सर्विस, तो कभी घर तक डिलीवरी। राजातालाब, बूढ़ा तालाब और अन्य संवेदनशील इलाकों में इनकी मजबूत पकड़ थी। पैडलर सुवित के सीधे निर्देश पर ग्राहकों तक माल पहुंचाते थे।

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गिरोह अपने पूरे ऑपरेशन में वॉट्सऐप ग्रुप और कोडवर्ड का इस्तेमाल करता था, ताकि पुलिस को भनक न लगे। ‘माल’, ‘चाय’ या ‘गिफ्ट’ जैसे शब्द हेरोइन के लिए कोडवर्ड के तौर पर इस्तेमाल किए जाते थे। लेन-देन में डिजिटल पेमेंट और बैंक खातों का सहारा लिया जाता था। पुलिस अब उन बैंक खातों की डिटेल निकाल रही है, जहां ड्रग्स के पैसे भेजे गए, ताकि इस पूरे नेटवर्क की जड़ों तक पहुंचा जा सके।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई के बाद भी जांच जारी रहेगी, क्योंकि आशंका है कि नेटवर्क के कुछ बड़े सरगना अब भी फरार हैं और अंतरराज्यीय स्तर पर काम कर रहे हैं।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।