टीआरपी डेस्क। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह अपने दो दिवसीय बस्तर प्रवास के दूसरे दिन सोमवार को बीजापुर जिले के गुंडम गांव पहुंचे, जो एक समय नक्सलियों के प्रभाव क्षेत्र के रूप में जाना जाता था। इस गांव में एक साल पहले तक सुरक्षाबलों के जवान भी पहुंच नहीं पाते थे, और यहां नक्सलियों की ‘जनताना सरकार’ का शासन चलता था।

मगर आज केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने इसी गुंडम गांव स्थित एक स्कूल के प्रांगण में महुए के पेड़ के नीचे चौपाल लगाकर ग्रामीणों से संवाद किया। उन्होंने वहां पर बैठकर स्कूली बच्चों और गांव के लोगों से सरकारी योजनाओं और उनके लाभ के बारे में चर्चा की। शाह ने ग्रामीणों से वादा किया कि एक साल के अंदर गांव में सभी घर पक्के बन जाएंगे और मूलभूत सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी।

केंद्रीय गृहमंत्री ने इस क्षेत्र की स्थिति पर बात करते हुए कहा, गुंडम वह इलाका था, जहां एक साल पहले तक नक्सलियों की सरकार चलती थी। इस इलाके को नक्सलियों की ‘जनताना सरकार’ अपने इशारे पर चलाती थी। लेकिन अब यह इलाका पूरी तरह से सुरक्षा बलों के कब्जे में है।

उन्होंने यह भी कहा कि पहले इस इलाके का विकास नहीं हो पा रहा था क्योंकि नक्सली यहां थे, लेकिन अब वे इस क्षेत्र को छोड़कर जा रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि 2026 तक इस इलाके से नक्सलियों का सफाया कर दिया जाएगा।

अमित शाह ने ग्रामीणों से यह भी कहा कि अब उन्हें डरने की कोई आवश्यकता नहीं है। अब यहां जवानों का कैम्प स्थापित हो चुका है, और आप कभी भी वहां जाकर मदद ले सकते हैं। आपको अब स्वास्थ्य और शिक्षा की कोई कमी नहीं होगी।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।