टीआरपी डेस्क। छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले से पंचायत चुनावों में महिला सशक्तिकरण की अनदेखी करने वाला एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। ग्राम पंचायत परसवारा में चुनी गई सात महिला पंचों की जगह उनके पति शपथ ग्रहण करने पहुंच गए और पंचायत सचिव ने उन्हें ही पद एवं गोपनीयता की शपथ दिला दी।

हालांकि पंचायतों में महिलाओं के लिए पंच और सरपंच पद आरक्षित होते हैं, लेकिन कई जगहों पर हकीकत इससे अलग है। अक्सर निर्वाचित महिलाओं की जगह उनके पति ही पंचायत के कार्यों का संचालन करते हैं। इसे लेकर सरपंच पति और पंच पति जैसे नाम भी प्रचलित हो गए हैं।

प्रशासन की लापरवाही उजागर

परसवारा पंचायत में जब 7 महिलाएं पंच पद के लिए निर्वाचित हुईं, तब उनसे अपेक्षा थी कि वे पंचायत की जिम्मेदारी खुद निभाएंगी। लेकिन शपथ ग्रहण समारोह में महिलाओं के बजाय उनके पति पहुंचे, और आश्चर्यजनक रूप से पंचायत सचिव द्वारा बगैर आपत्ति के उन्हें ही शपथ भी दिलवा दी गई।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।