Trains Cancelled in Chhattisgarh: छत्तीसगढ़ तीजा पर्व से पहले छत्तीसगढ़ में लोकल ट्रेन से सफर करने वाले यात्रियों की परेशानी बढ़ने वाली है। रेलवे ने 13 और 14 सितंबर को 10 लोकल ट्रेनों को रद्द करने का फैसला लिया है। इसके अलावा कुछ ट्रेनों को निर्धारित स्टेशन पर समाप्त किया जाएगा। इससे तीजा पर घर जाने वाली महिलाओं सहित रोजाना यात्रियों को परेशानी हो सकती है।
रायपुर मंडल में उरकुरा-रायपुर स्टोर डिपो के बीच दोहरीकरण परियोजना के तहत उरकुरा स्टेशन पर यार्ड रीमॉडलिंग का काम किया जाएगा। इसके लिए प्री-नॉन इंटरलॉकिंग और नॉन-इंटरलॉकिंग कार्य होना है। इसी वजह से 13 और 14 सितंबर को रेलवे ने कई यात्री ट्रेनों को रद्द करने और कुछ ट्रेनों के परिचालन में बदलाव करने का निर्णय लिया है।
तीजा के बीच लोकल ट्रेनें बंद
तीजा पर्व के दौरान बड़ी संख्या में महिलाएं और परिवार अपने मायके जाने के लिए सफर करते हैं। बसों में भीड़ और किराए से बचने के लिए कई यात्री लोकल ट्रेनों पर निर्भर रहते हैं। ऐसे समय में ट्रेनों के रद्द होने से यात्रियों को बस, निजी वाहन या अन्य वैकल्पिक साधनों का सहारा लेना पड़ सकता है।
13 सितंबर को ये ट्रेनें रहेंगी रद्द
13 सितंबर को गाड़ी संख्या 68728 रायपुर-बिलासपुर मेमू, 68734 बिलासपुर-गेवरारोड मेमू, 68733 गेवरारोड-बिलासपुर मेमू और 68719 बिलासपुर-रायपुर मेमू रद्द रहेंगी। इनके अलावा 58203 कोरबा-रायपुर पैसेंजर, 58205 रायपुर-नेताजी सुभाषचंद्र बोस इतवारी पैसेंजर और 68746 रायपुर-गेवरारोड मेमू पैसेंजर का संचालन भी नहीं होगा।
14 सितंबर को इन ट्रेनों पर असर
14 सितंबर को गाड़ी संख्या 58204 रायपुर-कोरबा पैसेंजर, 58206 नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी-रायपुर पैसेंजर और 68745 गेवरारोड-रायपुर मेमू पैसेंजर रद्द रहेगी। इन ट्रेनों से सफर करने वाले यात्रियों को अपनी यात्रा से पहले वैकल्पिक परिवहन की व्यवस्था करनी पड़ सकती है।
झारसुगुड़ा-गोंदिया मेमू भी होगी प्रभावित
13 सितंबर को गाड़ी संख्या 68862 झारसुगुड़ा-गोंदिया मेमू पैसेंजर बिलासपुर स्टेशन तक ही चलेगी। बिलासपुर से गोंदिया के बीच इस ट्रेन का परिचालन रद्द रहेगा। इसी तरह गाड़ी संख्या 68861 गोंदिया-झारसुगुड़ा मेमू पैसेंजर बिलासपुर स्टेशन से शुरू होगी और गोंदिया से बिलासपुर के बीच इसका संचालन रद्द रहेगा।
कोरबा से नागपुर तक यात्रियों पर असर
लोकल ट्रेनों के रद्द होने का असर रायपुर, बिलासपुर, कोरबा, गेवरारोड और इतवारी के यात्रियों पर पड़ सकता है। ग्रामीण और छोटे शहरों से आने-जाने वाले लोग बड़ी संख्या में इन ट्रेनों का इस्तेमाल करते हैं। लोकल सेवाएं प्रभावित होने पर एक्सप्रेस ट्रेनों में भी यात्रियों की संख्या बढ़ सकती है, जिससे अतिरिक्त भीड़ की स्थिति बन सकती है।



