रायपुर। राज्य के चर्चित नागरिक आपूर्ति निगम( नान )(Civil supplies corporation) घोटाले में आज  आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) की टीम ने नान के तत्कालीन प्रबंधक (manager) चिंतामणि चंद्राकर (Chintamani Chandrakar) के तमाम ठिकानों पर छापा मारा।  आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) की टीम ने चिंतामणि चंद्राकर के दुर्ग, कांकेर और बेंगलुरू स्थित मकानों पर एक साथ छापेमारी की (Raided together)गई। खबर है कि  आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) की टीम मकान और आफिस से मिले कागजातों की जांच में लगी हुई है। आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो ( EOW) टीम का अनुमान है कि यहां से बड़ी तादाद में गैरअनुपातिक संपत्ति का खुलासा हो सकता है।

इस वक्त कांकेर में नान के जिला प्रबंधक हैं चंद्राकर:
नागरिक आपूर्ति निगम (Civil supplies corporation) घोटाले में  आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW ) ने 2015 में जब छापा मारा तो चिंतामणि चंद्राकर रायपुर में पदस्थ थे। नई सरकार बनने के बाद उनका तबादला कांकेर किया गया। यहां वे नागरिक आपूर्ति निगम (नान ) के जिला प्रबंधक हैं। नान डायरी में चिंतामणि का नाम सामने आया था। आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो ( EOW) के आला अधिकारियों ने बताया कि चिंतामणि नान के जिला प्रबंधक रहने के दौरान एमजीएम में भी ट्रस्टी बन गया था।

See also  ईओडब्ल्यू ने दो मामलों में रेखा नायर को भेजा नोटिस, सात दिवस के भीतर देना होगा जवाब

8 बार नोटिस जारी होने के बाद भी नहीं आए:
इससे पहले चिंतामणि को लंबे समय से EOW में बयान देने बुलाया जा रहा था। 8 से ज्यादा नोटिस जारी किया जा चुका था। उसके बावजूद भी वे अपना पक्ष रखने EOW के कार्यालय नहीं गए। इसके बाद कार्रवाई करते हुए ईओडब्ल्यू ने उनके ठिकानों पर छापामारी की। अफसरों को उम्मीद है कि छापेमारी के बाद कुछ अहम सुराग मिल सकते हैं। मकान और दफ्तर से बड़ी तादाद में दस्तावेज EOW की टीम के हाथ लगे हैं। इनकी जांच का काम जारी है। इसके अलावा वहां क्या-क्या हाथ लगा है इस पर अधिकारी कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं।

Chhattisgarh से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर Like करें, Twitter पर Follow करें और Youtube  पर हमें subscribe करें। एक ही क्लिक में पढ़ें  The Rural Press की सारी खबरें।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।