रायपुर। पांच दिवसीय कार्यप्रणाली (5-डे वर्किंग) की मांग को लेकर मंगलवार को देशभर के सार्वजनिक क्षेत्रों के बैंकों में कामकाज ठप रहा। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) के आह्वान पर आयोजित इस राष्ट्रव्यापी हड़ताल में एसबीआई, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा, बैंक ऑफ इंडिया, कैनरा बैंक और इंडियन बैंक समेत सभी सरकारी बैंक शाखाएं बंद रही.

हड़ताल की वजह से परेशान हुए आम लोग

दरअसल तीन दिनों के अवकाश के बाद लगातार चौथे दिन बैंकों के बंद रहने की वजह से आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़, जबकि नगदी लेनदेन और बैंकिंग सेवाओं पर व्यापक असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है। बैंक कर्मचारी लंबे समय से सप्ताह में केवल पांच दिन काम और शनिवार एवं रविवार की साप्ताहिक छुट्टी की मांग कर रहे हैं। वर्तमान व्यवस्था में बैंक कर्मियों को रविवार के साथ महीने के दूसरे और चौथे शनिवार को ही अवकाश मिलता है।

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गौरतलब है कि यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन्स (यूएफबीयू) ने इस देशव्यापी हड़ताल का आह्वान किया है। यह संगठन नौ बैंक यूनियनों का संयुक्त मंच है, जो सरकारी बैंकों के अधिकारियों और कर्मचारियों का प्रतिनिधित्व करता है। यह फैसला 23 जनवरी को मुख्य श्रम आयुक्त के साथ हुई बैठक में कोई समाधान न निकलने के बाद लिया गया था। इसमें भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई), पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) और बैंक ऑफ बड़ौदा जैसे बड़े सरकारी बैंक शामिल हैं। हड़ताल के कारण कैश जमा और निकासी, चेक क्लियरेंस और बैंक के रोजमर्रा के काम प्रभावित हुए हैं।