वन विभाग के एक और अधिकारी पर लगा 25 हजार का जुर्माना

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य सूचना आयोग द्वारा वन विभाग के एक और अधिकारी पर पेनाल्टी लगाई गई है। अधिकारी पर 25 हजार का जुर्माना लगा है। दरअसल रायपुर के आवेदक नितिन सिंघवी ने एक आवेदन सरगुजा वन मंडल में लगा कर, ग्राम करंज्वार, वन कक्ष क्रमांक आर एफ 137 से गुजरने वाली विद्युत लाइन के निर्माण के पहले जारी की गई नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट की प्रति, लाइन की क्षमता, निर्माण वर्ष, लम्बाई की जानकारी चाही थी।

सरगुजा वन मंडल ने आवेदन को सूरजपुर वन मंडल अंतरित कर दिया। सूरजपुर वन मंडल पर प्रभारी डीएफओ बी.एस.भगत पदस्थ थे। सूरजपुर वन मंडल से सूचना न मिलने पर आवेदक द्वारा सूचना आयोग में शिकायत दर्ज की गई।

जहां पर आयोग ने पाया की पेनल्टी नोटिस का जवाब तत्कालीन जन सूचना अधिकारी बी.एस.भगत वर्तमान पदस्थापना कार्यालय एलीफेंट रिजर्व अंबिकापुर, संतोषजनक और समाधान कारक जवाब नहीं दे पाए। आयोग ने निर्धारित समय सीमा में सूचना न देने के कारण बी.एस. भगत पर रुपए 25000 का अर्थदंड लगाया गया है।

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आपको बता दें कि ये वही बीएस भगत हैं जिनपर भेंट मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री भूपेश बघेल कार्यवाई के आदेश दिए थे।

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।