Atal Utkrisht Shiksha Yojana: सुकमा जिले के पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के बच्चों ने अपनी प्रतिभा के बल पर सफलता का एक नया अध्याय लिखा है। "अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना" के तहत वर्ष 2026-27 के लिए सुकमा के पांच प्रतिभावान बच्चों का चयन मेरिट के आधार पर प्रतिष्ठित निजी आवासीय विद्यालयों में हुआ है।
इस उपलब्धि पर सुकमा कलेक्टर अमित कुमार ने बच्चों से आत्मीय मुलाकात कर उन्हें बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल से मिला शिक्षा को संबल
राज्य सरकार की यह संवेदनशील पहल आर्थिक रूप से कमजोर और श्रमिक परिवारों के बच्चों को उच्च स्तरीय शिक्षा के समान अवसर देने के उद्देश्य से चलाई जा रही है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में शुरू की गई इस व्यवस्था के जरिए ग्रामीण व दूरस्थ इलाकों के मेधावी बच्चों को सुरक्षित और बेहतर शैक्षणिक माहौल उपलब्ध कराया जा रहा है।
कक्षा 6वीं से 12वीं तक निःशुल्क आवासीय शिक्षा
इस योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को कक्षा 6वीं से 12वीं तक नामचीन निजी शिक्षण संस्थानों में निःशुल्क आवासीय शिक्षा प्रदान की जाती है। चयनित बच्चों में कु. करुणा बघेल (ग्राम बुडदी), सिद्धार्थ दास (गांधी नगर सुकमा), प्रमोद नाग (ग्राम हमीरगढ़), अमन दास (गांधी नगर सुकमा) और कु. सुष्मिता यादव (ग्राम पाकेला) शामिल हैं। इन बच्चों को संस्कार द गुरुकुल स्कूल (बस्तर) और हम अकादमी (जगदलपुर) में पढ़ने का अवसर मिलेगा।
पढ़ाई का संपूर्ण खर्च वहन करेगा श्रम विभाग
चयनित विद्यार्थियों की पढ़ाई, रहने, खाने और अन्य शैक्षणिक जरूरतों का पूरा खर्च छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण मंडल (श्रम विभाग, सुकमा) द्वारा उठाया जाएगा। इससे गरीब परिवारों पर आर्थिक बोझ नहीं पड़ेगा। कलेक्टर से मुलाकात के दौरान जिला श्रम अधिकारी श्रीमती सुनीता जोशी और सहायक श्रम पदाधिकारी सत्यानंद नाग भी उपस्थित रहे।
(FAQ)
Q1: 'अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना' का मुख्य उद्देश्य क्या है?
उत्तर: इस योजना का मुख्य उद्देश्य पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के बच्चों को कक्षा 6वीं से 12वीं तक प्रतिष्ठित निजी आवासीय स्कूलों में निःशुल्क और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना है।
Q2: सुकमा जिले से किन 5 बच्चों का चयन इस योजना में हुआ है?
उत्तर: योजना के तहत कु. करुणा बघेल, सिद्धार्थ दास, प्रमोद नाग, अमन दास और कु. सुष्मिता यादव का चयन हुआ है।
Q3: चयनित बच्चों को किन स्कूलों में प्रवेश मिला है?
उत्तर: इन बच्चों को संस्कार द गुरुकुल स्कूल (बस्तर) और हम अकादमी (जगदलपुर) में अध्ययन का अवसर मिलेगा।
Q4: इन बच्चों की शिक्षा का वित्तीय खर्च कौन उठाएगा?
उत्तर: बच्चों की शिक्षा, आवास व अन्य सुविधाओं का पूरा खर्च छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण मंडल (श्रम विभाग) वहन करेगा।
Q5: बच्चों की सफलता पर सुकमा कलेक्टर ने क्या प्रतिक्रिया दी?
उत्तर: कलेक्टर अमित कुमार ने बच्चों से आत्मीय संवाद कर उन्हें शुभकामनाएं दीं और निरंतर मेहनत व अनुशासन के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
